बेलरायां खीरी। क्षेत्र के गांव कुशाही की नालियों का जल निकास बंद होने से करीब दो दर्जन घरों में बारिश का पानी भरना शुरू हो गया है। गलियों से लेकर घरों तो कीचड़ होने से लोगों का जीना दुश्वार हो गया है। गलियों में कीचड़, जलभराव होने से बच्चों और महिलाओं को सबसे अधिक दिक्कत हो रही है। लोगों ने बताया कि करीब दो वर्षों से यहां का मुख्य नाला चोक पड़ा है। मानसून आ चुके हैं लेकिन समस्या वैसे ही है। लोगों ने कई बार जल निकासी की समस्या की शिकायत मुख्यमंत्री पोर्टल पर की है।
यह नाला करीब पांच वर्ष पूर्व ग्राम पंचायत भिडोरी द्वारा बेलरायां रेलवे स्टेशन मार्ग पर बनाया गया था। इस चोक नाले की सफाई नहीं हो रही न है नया निर्माण कराया गया बल्कि नाले पर अतिक्रमण और हो गया। इस गर्मी में जलभराव से बीमारियों का खतरा है। इसके अलावा घरों में कीड़े मकोड़े भी आ रहे हैं। गांव के शिव मठिया के अंदर नालियों का गंदा पानी भरने से श्रद्धालुओं को पूजा अर्चना करना मुश्किल हो गया है। ग्रामीणों का कहना है कि ब्लाक निघासन के सफाईकर्मी एकाध जगहों पर ही नाला, नालियों में सफाई कार्य करते हैं।
नाला जाम होने से इनके घरों में होता है जलभराव
ग्राम कुशाही निवासी होटल व्यवसायी महेश कश्यप बताते हैं कि नाला, नालियों के जाम होने से गांवों निवासी सुरेश कुमार गुप्ता, आजाद प्रजापति, राकेश प्रजापति, जमुनालाल, कश्यप, जीवनलाल, अर्जुन कश्यप, दुर्गेश, प्रकाश, सुनील, राहुल, गुलशन, मनोज, चुन्ना कश्यप, सरवन बाल्मीकि सहित नागरिक घरों में जलभराव से परेशान हैं।
वर्जन...
रेलवे स्टेशन मार्ग नाला का सफाई कार्य जल्द ही शुरू किया जाएगा। नाले पर कब्जेदारों को टीनशेड आदि हटाने की हिदायत दी गई है।
- टीकाराम, प्रधान ग्राम पंचायत भिड़ोरी
नाला नालियां कूड़ा करकट से जाम हो गई है। बरसात का पानी नाला के बजाए घरों में भरता है। इससे घरों में रखा सामान भीगकर बर्बाद हो रहा है। इससे लोगों को भारी दिक्कतें हो रही हैं।
- सुरेश कुमार गुप्ता, व्यापारी बेलरायां
बरसात का पानी घरों में भरा रहता है। गली में कीचड़, जलभराव होने से नागरिकों को आवागमन बाधित हो रहा है। लोग ने नाले से अतिक्रमण हटवाने, सफाई कराने की मांग हर रहे हैं, लेकिन सुनवाई नही हुई है।
- रमेश कुमार कश्यप, सदस्य ग्राम पंचायत भिड़ौरी
ग्राम कुशाही में जलभराव के बाद कीचड़ में निकलते बच्चे। संवाद
ग्राम कुशाही में जलभराव के बाद कीचड़ में निकलते बच्चे। संवाद
ग्राम कुशाही में जलभराव के बाद कीचड़ में निकलते बच्चे। संवाद