फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Lakhimpur Kheri News: जिला पंचायत को 36 करोड़ से ज्यादा बजट मिला, विकास कार्य फिर भी ठप

Thu, 17 Sep 2026 11:53 PM IST
बरेली ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, लखीमपुर खीरी
विज्ञापन
विज्ञापन
लखीमपुर खीरी। विकास कार्यों के लिए बजट की कमी का रोना अक्सर सुनने को मिलता है, लेकिन जिला पंचायत में तस्वीर इसके उलट है। यहां वित्तीय वर्ष 2026-27 में विकास कार्यों के लिए 36 करोड़ रुपये से अधिक बजट मिल चुका है, लेकिन अब तक कोई भी काम नहीं कराया गया। जबकि आधा वित्तीय वर्ष बीत चुका है और धरातल पर काम शुरू न होने से जिला पंचायत की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े हो रहे।
विज्ञापन

जिला पंचायत खीरी को पंचम राज्य वित्त आयोग के तहत 1934.64 लाख रुपये यानी करीब 19.35 करोड़ और हेल्थ सेंटरों के लिए 1709.44 लाख रुपये, यानी करीब 17.09 करोड़ रुपये का बजट मिल चुका है। दोनों मदों में करीब 36.44 करोड़ रुपये मिलने के बाद भी विकास की तस्वीर जमीन पर दिखाई नहीं दे रही है।
जिला पंचायत से गांवों में मिट्टी पटान, खड़ंजा निर्माण, लेपन, सड़क, सीसी रोड, नाली निर्माण, सार्वजनिक शौचालय आदि विकास कार्य कराए जाते हैं। इन कार्यों से सीधे ग्रामीण क्षेत्रों की जरूरतें जुड़ी हैं, लेकिन बजट होने के बाद कार्य न होने से कई सवाल खड़े करता है।
विज्ञापन

-
पिछले साल का 9.96 करोड़ रुपये नहीं खर्च कर पाया विभाग
-जिला पंचायत में वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए विभिन्न वित्त आयोगों से मिले बजट का पूरा उपयोग नहीं हो सका। पंचम राज्य वित्त आयोग के तहत मिले 3781.52 लाख रुपये में से 2888.37 लाख रुपये खड़ंजा, लेपन, सड़क और सीसी निर्माण पर खर्च किए गए, लेकिन 893.15 लाख रुपये की राशि शेष है। वहीं, 15वें वित्त आयोग टाइड मद में मिले 1695.98 लाख रुपये में से 1673.16 लाख रुपये खर्च हुए और 22.82 लाख रुपये बच गए। इसी तरह 15वें वित्त आयोग अनटाइड मद में 1130.65 लाख रुपये में से 1051.09 लाख रुपये खर्च किए गए, जबकि 79.56 लाख रुपये की राशि शेष है। तीनों मदों को मिलाकर 9.96 करोड़ रुपये खर्च नहीं हो सके।


-
जिला पंचायत पर भेदभाव का आरोप
-जिला पंचायत सदस्यों के कार्यों के आवंटन में भेदभाव के भी आरोप लगे हैं। नाम न छापने की शर्त पर तीन जिला पंचायत सदस्यों ने कहा कि विपक्षी सदस्यों को पांच साल में नाम मात्र के काम दिए गए, जबकि पक्ष के लोगों को करोड़ों से काम दिए गए। सदस्यों ने बताया कि जिला पंचायत की मनमानी के आगे अपने क्षेत्र में कुछ खास काम नहीं करा पाए, जिससे उनके क्षेत्र की जनता भी परेशान हैं।

वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए कार्ययोजना बन गई। हालांकि अभी कार्यों के लिए शासन की अनुमति का इंतजार है। अनुमति मिलने पर कार्य शुरू करा दिए जाएंगे। इसमें पंचम राज्य वित्त आयोग के बजट से नाले-नालियों और सड़कों के कार्य प्रस्तावित हैं, जबकि हेल्थ सेंटर में स्वास्थ्य विभाग से संबंधित भवनों के कार्य हैं।
विज्ञापन

-डॉ. नरेंद्र सिंह, प्रतिनिधि, जिला पंचायत अध्यक्ष
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें