- मोहम्मदी में लूटपाट के बाद बदमाशों ने पत्रकार के चाचा की कर दी थी हत्या
- पसगवां में पेट्रोलपंप लूट मामले में भी पुलिस के हाथ खाली
पत्रकार हरिश्चंद्र से लूटपाट के बाद उनके चाचा गंगा सिंह की गोली मारकर हत्या का मामला हो या फिर बरबर कस्बे के पेट्रोल पंप पर हुई वारदात। दोनों मामले खीरी पुलिस के लिए चुनौती बने हैं। बदमाशों को पकड़ना तो दूर पुलिस इस बात का अभी तक पता नहीं लगा सकी है कि आखिर किस गैंग के बदमाश घटनाओं को अंजाम देकर खीरी पुलिस को चुनौती दे रहे हैं। पुलिस सिर्फ सुरागरसी की बात कहकर अपना पल्ला झाड़ रही है। सूत्रों की मानें तो अधिकारियों के दबाव पर पुलिस पत्रकार के चाचा गंगा सिंह की गोली मारकर हत्या करने के मामले को जोड़ तोड़कर खुलासा करने की फिराक में है।
16 मई को मोहम्मदी के पत्रकार हरिश्चंद्र सिंह की बाइक मगरैना टावर के पास स्थित टेढ़े पुलिया के निकट बदमाशों ने रोक ली थी और पत्रकार से रिवाल्वर, मोबाइल और नगदी लूटने के बाद उनके चाचा गंगा सिंह की गोली मारकर हत्या कर दी थी। बदमाशों की धरपकड़ के लिए थाना स्तर पर चार टीमें गठित की गईं थीं। इसके अलावा क्राइम ब्रांच की टीम को भी लगाया गया था। टीमों ने शाहजहांपुर सहित कई स्थानों पर दबिशें देकर कुछ संदिग्ध उठाए थे। एक दिन पहले पुलिस ने पकड़े गए संदिग्धों से कुछ अहम सुराग मिलने का दावा किया था, लेकिन यह दावा हवाई साबित हो रहा है। प्रभारी कोतवाल आनंद शाही पहले शाहजहांपुर और अब लोकल के बदमाशों के होने की आशंका जता रहे हैं। यही हाल पेट्रोल पंप लूट कांड मामले का है। 11 मई को थाना पसगवां के बरबर कस्बे के चंद्राणी पेट्रोल पंप से बदमाश दिनदहाड़े 1.12 लाख रुपये लूट ले गए थे। पुलिस को इस घटना के खुलासे में भी कोई सफलता नहीं मिली हैं। पुलिस अभी तक यह भी ट्रेस नहीं कर सकी है कि घटनाओं में कौन सा गिरोह और कहां का है। उधर, सूत्र बताते हैं कि लूटपाट के दौरान गंगा सिंह की हत्या के मामले के खुलासे का दबाव अफसरों पर है। आशंका जताई जा रही है कि पुलिस जोड़ तोड़कर घटना के खुलासे के प्रयास में है।
बदमाशों के देखे जाने से ग्रामीणों में दहशत
मोहम्मदी। पत्रकार हरिश्चंद्र सिंह के साथ लूटपाट कर उनके चाचा गंगा सिंह की गोली मारकर हत्या और उसके 24 घंटे के भीतर मोहम्मदी कस्बे में साधन सहकारी समिति सिसौरा के सचिव राकेश शुक्ला से 20 हजार रुपये लूट लिए लेकिन ग्रामीणों का आरोप है कि उन्हें पुलिस का सहयोग नहीं मिल पा रहा है। हत्या और लूट के बाद भी उसी जगह पर बदमाश देखे जाने से ग्रामीणों में दहशत है।
दोनों घटनाओं के खुलासे पर काम चल रहा है। टीमें साक्ष्य जुटा रहीं हैं। सर्विलांस का भी सहारा लिया जा रहा है। शीघ्र ही दोनों घटनाओं का अनावरण किया जाएगा। -अखिलेश चौरसिया, एसपी