लखीमपुर खीरी। सीडीओ अभिषेक कुमार ने कलक्ट्रेट सभागार में मंगलवार को निर्माण कार्यों की समीक्षा की। इसमें कार्यदायी संस्था सीएनडीएस संस्था की लापरवाही सामने आने पर सीडीओ भड़क गए। उन्होंने संस्था के खिलाफ कार्रवाई के लिए शासन को पत्र लिखने के निर्देश देते हुए कहा कि अब सीएनडीएस को जिले में कोई प्रोजेक्ट न दिया जाए। सीडीओ बोले कि निर्माण कार्य में लेटलतीफी और लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
संस्था सीएनडीएस कस्तूरबा स्कूलों के उच्चीकरण का काम कर रही है। पता चला कि कस्तूरबा गांधी उच्चीकरण में ईसानगर, कुंभी गोला, पलिया, पलिया, फूलबेहड़ व रमियाबेहड़ का काम काफी पिछड़ा हुआ है। तीन से चार करोड़ की लागत से एक स्कूल उच्चीकृत होना है।
निर्धारित समय में यह भवन बनने के बाद हैंडओवर होना था, लेकिन अब तक काम ही अधूरा है। इस पर सीडीओ ने नाराजगी जताते हुए अन्य कार्यदायी संस्थाओं को भी चेतावनी दी कि जो भी प्रोजेक्ट चल रहे हैं, वे समय से पूरे कराएं।
डीपीआरओ विशाल सिंह ने बताया कि पंचायत विकास योजना तैयार की जाती है। ग्राम पंचायतें इस योजना में ज्यादातर नाली, सड़क आदि के प्रस्ताव शामिल करती हैं, जबकि नौ थीम पर गांवों को विकसित करना है। डीपीआरओ ने शिक्षा, स्वास्थ्य, विकास विभाग, बाल विकास सहित अन्य विभागों से कहा कि ग्राम पंचायतों में अपनी योजनाओं को लेकर जो भी काम कराना चाहते हैं, उनके प्रस्ताव भी दे सकते हैं। इन्हें जीपीडीपी में शामिल किया जाएगा।
कार्ययोजना बनाते समय ही शुरू कर दें काम
अग्निशमन केंद्र न बनने पर भी सीडीओ ने नाराजगी जताई। उन्हें बताया गया कि जिस स्थान पर केंद्र बनाया जाना प्रस्तावित है, वहां पेड़ लगा है। इससे निर्माण में देरी हुई। सीडीओ ने कहा कि जिस समय कार्ययोजना बनाते हैं व स्थल देखते हैं, उसी समय इस पर काम क्यों नहीं किया जाता। प्रोजेक्ट और बजट स्वीकृत होने के बाद लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। सहायक श्रमायुक्त ने कार्यदायी संस्थाओं से उपकर समय पर जमा कराने के लिए कहा।