लखीमपुर खीरी। आरोपियों की धमकियों से आहत होकर दुष्कर्म पीड़िता के आत्महत्या करने से परिवार वालों में पुलिस के प्रति काफी गुस्सा है। पीड़िता के भाई ने कहा कि पुलिस की नाइंसाफी के कारण बहन ने जान दी है। वह परिवार वालों के साथ लखनऊ जाएंगे। आईजी से मिलकर पूरी घटना की जानकारी देंगे। बहन की मौत के जिम्मेदारों को जेल भिजवाकर ही दम लेंगे।
थाना फरधान के एक गांव निवासी 14 वर्षीय किशोरी 14 जुलाई की रात लघुशंका के लिए घर के बाहर गई थी। आरोप है कि तभी बसंत नामक युवक ने उसे तमंचे के बल पर बंधक बना लिया और पास की एक कॉलोनी में ले जाकर उसके साथ दुष्कर्म किया था। पीड़ित किशोरी की मां की तहरीर पर पुलिस ने बसंत सहित तीन लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की थी। तत्कालीन एसपी पूनम से शिकायत होने के बाद पुलिस ने 27 जुलाई को मुख्य आरोपी बसंत को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। आरोप है कि उसके परिवार वाले समझौते का दबाव बना रहे थे। समझौता न करने पर लगातार अंजाम भुगतने की धमकी दी जा रही थी। शिकायत के बाद भी पुलिस कोई कार्रवाई नही कर रही थी। इससे नाराज पीड़िता ने 27 जुलाई की रात घर में फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली थी।
पुलिस के नकारात्मक रवैये से परिवार के लोग काफी नाराज हैं वह अब आईजी से मिलकर पूरे मामले की शिकायत करने के साथ पुलिस के कार्रवाई न करने की शिकायत कर आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग करेंगे।
पुलिस ने पीड़िता के कलमबंद बयानों के आधार पर मुख्य आरोपी को जेल भेजा है। यदि परिवार वाले कोई शिकायत करते है तो जांच कर कार्रवाई की जाएगी।
-अरुण कुमार सिंह, एएसपी