लखीमपुर खीरी। कृषि मंत्री सूर्य प्रताप शाही ने कहा कि जिले में पर्याप्त खाद भेजी जा रही है, फिर भी संकट बना हुआ है। नेपाल सीमा पर खाद की इतनी खपत क्यों हो रही है, इसकी जांच करवाई जाएगी। ओवररेटिंग की भी जांच होगी। नेपाल सीमा से सटे क्षेत्रों में लगभग 50 लाइसेंस धारक हैं, जिनकी दुकानों से पिछले दो वर्षों में हुई खाद बिक्री की जांच कराई जाएगी। जमीन के आधार पर खाद बिक्री का तुलनात्मक अध्ययन किया जाएगा, ताकि हकीकत सामने आए। अगर कहीं गड़बड़ी मिलती है तो जिम्मेदारों को बख्शा नहीं जाएगा।
कृषि मंत्री ने बुधवार को एलआरपी स्थित पीडब्ल्यूडी गेस्ट हाउस में प्रेसवार्ता के दौरान यह बातें कहीं। उन्होंने कहा कि अप्रैल से 15 जुलाई तक एक लाख पांच हजार 276 मीट्रिक टन मतलब एक लाख 50 हजार क्विंटल से अधिक यूरिया जिले में भेजी गई है, जो खरीफ सीजन के लिए पर्याप्त है। कहा कि किसान यूरिया का अनावश्यक भंडारण न करें, क्योंकि खाद की कोई कमी नहीं है। 17 जुलाई को 2838 मीट्रिक टन कोऑपरेटिव सेक्टर को और 3200 मीट्रिक टन प्राइवेट सेक्टर को यूरिया भेजी जा रही है।
मंत्री ने पिछली सरकारों पर आरोप लगाया कि आज लोग खाद की किल्लत की बात कह रहे हैं, जबकि ऐसा कुछ नहीं है। वर्ष 2010 और 2012 में खाद के लिए लाठीचार्ज तक होते देखा है। अब खाद की दिक्कत नहीं है, इसका मतलब व्यवस्था में सुधार है। प्रेसवार्ता के दौरान उनके साथ विधायक योगेश वर्मा, गोला विधायक अमन गिरि, धौरहरा विधायक विनोद शंकर अवस्थी, भाजपा जिलाध्यक्ष सुनील सिंह आदि मौजूद रहे।
रासायनिक खादों से जहरीली हो रहीं फसलें, जैविक खाद अपनाएं
- वाइस चांसलर से बोले कृषि मंत्री- दिखाई देना चाहिए कि कृषि महाविद्यालय है
संवाद न्यूज एजेंसी
गोला गोकर्णनाथ। कृषि शिक्षा एवं कृषि अनुसंधान मंत्री सूर्य प्रताप शाही ने दोपहर को जमुनाबाद फार्म स्थित चंद्रशेखर आजाद कृषि एवं प्रौद्योगिक के कैंपस कृषि महाविद्यालय का दौरा किया। उन्होंने किसानों से वार्ता कर उनकी समस्याएं सुनीं और उनके अनुभव साझा किए।
जमुनाबाद फार्म के साढ़े 62 एकड़ में फैले नवनिर्मित कृषि महाविद्यालय की दशा को देखकर (जहां न तो समुचित प्रकाश की व्यवस्था, न पेयजल, कैंपस में झाड़ियां उगी थीं) वाइस चांसलर आनंद कुमार सिंह, डीन अनिल कुमार सिंह की चुटकी लेते हुए कहा कि दिखाई देना चाहिए कि यह कृषि महाविद्यालय है। विद्यार्थियों से संवाद किया और कृषि प्रौद्योगिकी एवं अनुसंधान पर चर्चा की।
डीन ने बताया कि कृषि महाविद्यालय में 186 विद्यार्थी अध्ययनरत हैं। इस दौरान किसान नेता कुलवंत सिंह जोशन, अंजनी कुमार दीक्षित ने बजाज चीनी मिलों के बकाया गन्ना भुगतान, छुट्टा पशुओं एवं वन्यजीवों से समस्या, यूरिया खाद की दिक्कत, रेलवे ट्रैक पर यूरिया खाद भीगने का प्रकरण रखा। कृषि मंत्री ने किसानों से रसायनिक खादों का दुष्प्रभाव बताते हुए पशुपालन करने, गोबर, जैविक खेती पर जोर दिया। इस मौके पर विधायक अमन गिरि, कृषि निदेशक पंकज त्रिपाठी, डॉ. रविंद्र नाथ वर्मा, विनीत सिंह भदौरिया आदि मौजूद रहे।
प्रेसवार्ता को संबोधित करते कृषि मंत्री सूर्य प्रताप शाही। संवाद