विरोध प्रदर्शन करते हुए आशा बहुएं। स्रोत : संगठन
मितौली। सीएचसी परिसर में बुधवार को उत्तर प्रदेश आशा वर्कर्स यूनियन की टीम ने मांगों को लेकर प्रदर्शन कर टीकाकरण कार्य का बहिष्कार भी किया। चिकित्सा अधिकारी डॉ. शोएब अख्तर के समझाने के बाद आशाएं मानीं।
ज्ञापन के माध्यम से आशा एवं आशा संगिनियों ने वर्ष 2025 के कई महीनों के लंबित भुगतान, राज्य वित्त प्रतिपूर्ति राशि और विभिन्न अभियानों की प्रोत्साहन धनराशि के तत्काल भुगतान की मांग की। यूनियन ने आरोप लगाया कि आशा और आशा संगिनियां वर्षों से राज्य और केंद्र सरकार की स्वास्थ्य योजनाओं जैसे टीकाकरण, मातृ-शिशु स्वास्थ्य, टीबी नियंत्रण और आयुष्मान भारत सहित अन्य अभियानों में लगातार महत्वपूर्ण कार्य कर रही हैं। इसके बावजूद उनका पारिश्रमिक समय पर नहीं दिया जा रहा है।
गोल्डन आयुष्मान योजना और अन्य स्वास्थ्य कार्यक्रमों में किए गए कार्यों के बदले देय राशि का भुगतान भी लंबे समय से लंबित हैं। प्रदर्शन के दौरान यूनियन की ब्लॉक अध्यक्ष राखी सिंह, सचिव राजेंद्र प्रसाद, प्रभा अवस्थी, शारदा देवी, पिंकी बाजपेयी, नीरू देवी, सुनीता सिंह, मीना मिश्रा, सुशील देवी, सोमवती और रश्मि सहित बड़ी संख्या में आशा कार्यकर्ता उपस्थित थीं।