एक बच्चे में हुई जापानी इंसेफलाइटिस की पुष्टि
सात बच्चों का आईसीयू वार्ड में हो रहा इलाज
लखीमपुर खीरी। जिले में एईएस (एक्यूट इंसेफलाइटिस सिंड्रोम) का प्रकोप दिन पर दिन बढ़ ही रहा है। उधर, अब जापानी इंसेफलाइटिस ने भी दस्तक दे दी है। बुखार पीड़ित अब तक 19 बच्चे आईसीयू वार्ड में भर्ती हुए हैं, जिसमें 15 बच्चे एईएस और एक जेई से पीड़ित मिले हैं। वर्तमान में एईएस पीड़ित सात बच्चों का इलाज जारी है, जबकि चिल्ड्रन वार्ड में भी बुखार पीड़ित बच्चे लगातार भर्ती हो रहे हैं।
बारिश के मौसम में जिले में संक्रामक रोगों ने दस्तक दे दी है। पिछले एक माह से एईएस पीड़ित बच्चों की संख्या निरंतर बढ़ती जा रही है। पिछले माह तीन बच्चे एईएस पीड़ित मिले थे। अब इनकी संख्या बढ़कर 15 हो गई है, जबकि एक बच्चा जेई संक्रमित मिला है।
एईएस संक्रमित सात बच्चों का आईसीयू वार्ड में अभी इलाज चल रहा है। मंगलवार को जिला अस्पताल की इमरजेंसी में बुखार पीड़ित पांच बच्चे आए। हालत गंभीर होने पर सभी को चिल्ड्रेन वार्ड में भर्ती कर इलाज शुरू कर दिया गया। फिलहाल अब इनकी हालत में सुधार बताया जाता है।
आईसीयू वार्ड में सात बच्चों का चल रहा इलाज
छह वर्षीय काजल, 12 वर्षीय मुकुल, 10 वर्षीय मुस्कान, नौ वर्षीय अंकुश, नौ वर्षीय आयुष, सात वर्षीय सुमनी और 12 वर्षीय संजय।
चिल्ड्रन वार्ड में बुखार पीड़ित भर्ती बच्चे
दो वर्षीय रामसिंह, डेढ़ वर्षीय बेबी मोहनी एवं रोहनी, चार वर्षीय आदित्य, छ माह की अनन्या।
आईसीयू वार्ड में सात बच्चों का इलाज चल रहा है, जिसमें एक बच्चा जेई संक्रमित है। सभी की हालत में सुधार हो रहा है। घर एवं उसके आसपास साफ सफाई और खानपान पर ध्यान रखकर बच्चों को संक्रामक बीमारियों से बचाया जा सकता है।
- सीएस सिंह, प्रभारी सीएमएस, जिला अस्पताल