क्रासर......
पुलिस की गारद ने दी सलामी
मितौली खीरी। क्षेत्र के गांव ढखैया निवासी 97 वर्षीय स्वतंत्रता संग्राम सेनानी छोटेलाल वर्मा के निधन के बाद रविवार को राजकीय सम्मान के साथ अंतिम संस्कार किया गया। इस दौरान पुलिस गारद ने सलामी दी।
स्वतंत्रता संग्राम सेनानी छोटेलाल ने देश की आजादी की लड़ाई लड़ते हुए कई बार जेल गए थे। शनिवार को उनके निधन की सूचना मिलने पर तमाम प्रशासनिक व पुलिस अधिकारी ढखैया गांव पहुंचे थे। रविवार को शवयात्रा से पहले एसडीएम मितौली राकेश पटेल, सीओ मितौली मिथिलेश कुमारी दीक्षित सहित तमाम पुलिसकर्मी गांव पहुंच गए। उनका अंतिम संस्कार गांव ढखैया में ही लगभग साढ़े 11 बजे किया गया।
इस दौरान ग्राम प्रधान मितौली दिनेश भार्गव, राम खेलावन, गणेश शंकर गुप्त, ए स्वतन्त्रता संग्राम सेनानी उत्तराधिकारी संगठन के जिला उपाध्यक्ष रमेश चंद्र शुक्ल सहित सैकड़ों ग्रामीण मौजूद रहे।
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आंदोलनों में इनके साथ लिया था हिस्सा
क्षेत्र के ग्राम कस्ता निवासी स्वर्गीय बनवारी लाल शुक्ल, रमुआपुर के नीलकंठ वर्मा, मगही निवासी अयोध्या प्रसाद वर्मा, परसेहरा निवासी श्रीराम गुप्ता, देवव्रत दीक्षित, बुद्धाराम, लीलाराम पुष्कर दत्त, लल्लू सिंह, श्यामलाल, भीखमपुर निवासी राजनरायन मिश्र, भगवान दास मिश्र, डोकरपुर निवासी स्वर्गीय भिखारी लाल, गांव के ही मोहन लाल वर्मा, रामप्रसाद वर्मा और मुरली धर वर्मा ने मिलकर आजादी की लड़ाई में योगदान दिया था।
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इन आंदोलनों में की थी शिरकत
स्वर्गीय छोटेलाल वर्मा ने अंग्रेजों भारत छोड़ो आंदोलन में अग्रणी भूमिका निभाई थी। नौ अगस्त 1942 में पहली बार जेल भरो आंदोलन में भाग लिया था। इसके अलावा सत्याग्रह आंदोलन में पंडित बंशीधर मिश्र के नेतृत्व में आंदोलन किया था।