ठंड ने बढ़ाई लोगों की मुश्किल
बुधवार को न्यूनतम तापमान आठ डिग्री सेल्सियस रहा
पडरौना। सर्द हवाओं के साथ गलन भरी ठंड से बुधवार को लोग ठिठुरते नजर आए। सुबह नौ बजे तक कोहरा छाया रहा। दोपहर में मौसम साफ हुआ, लेकिन शीतलहर और हवा चलने से अधिकतर लोग घरों में दुबके रहे। काम से बाहर निकले लोग जगह-जगह अलाव सेंकते नजर आए। बुधवार को न्यूनतम तापमान आठ डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।
चार दिनों से चल रही सर्द हवाओं ने मौसम का मिजाज बदल दिया है। मंगलवार दोपहर बाद धूप तो निकली, लेकिन लोगों को कोई विशेष राहत नहीं मिली। दिनभर लोग ठंड से कांपते रहे। सर्द हवा और कोहरे के साथ गलन का प्रभाव बना रहा। आवश्यक कार्य होने पर ही लोग घर से बाहर निकले।
सुबह बाजार में चहल-पहल देर से हुई। दिन ढलते ही ठंड बढ़ गई। बाजार में सन्नाटा छा गया। शासन-प्रशासन की ओर से अलाव जलाने का आदेश दिया गया है। इसके बावजूद शहर से लेकर गांव तक कई स्थानों पर अलाव की व्यवस्था नहीं दिखी। बस एवं रेलवे स्टेशनों पर यात्रियों की संख्या कम दिखी। मौसम में आए दिन हो रहे परिवर्तन से किसान चिंतित हैं। मौसम का असर आलू एवं चना की फसल पर पड़ेगा।
22 व 23 जनवरी को हो सकती है बारिश
कृषि विज्ञान केंद्र सरगटिया की मौसम वैज्ञानिक श्रुति वी सिंह ने बताया कि बंगाल की खाड़ी से पुरवा हवा चलने की संभावना जताई जा रही है। इसके चलते 21 जनवरी से बादल छाए रहने और 22 व 23 जनवरी को करीब दस से 15 एमएम बारिश होने की संभावना है। इस दौरान न्यूनतम तापमान छह से सात डिग्री सेल्सियस और अधिकतम तापमान 15 से 16 डिग्री तक पहुंचने के आसार हैं। गेहूं की फसल के लिए यह मौसम बेहतर है, लेकिन सब्जियों की फसल की सुरक्षा के लिए किसानों को सावधानी बरतनी चाहिए। पशुओं को ठंड से बचाव के लिए पर्याप्त इंतजाम करें।