पडरौना। खरीफ सीजन में किसानों को निर्धारित मूल्य पर गुणवत्तापूर्ण उर्वरक उपलब्ध कराने के लिए शुक्रवार को कृषि विभाग की टीम ने जिले में उर्वरक बिक्री केंद्रों का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान अनियमितता बरतने वाले दुकानदारों का लाइसेंस निलंबित कर तीन दुकानदारों को नोटिस देकर स्पष्टीकरण मांगा है।
संयुक्त कृषि निदेशक, गोरखपुर मंडल के भ्रमण के दौरान फाजिलनगर के नारायनपुर कोठी स्थित मेसर्स जेएन फर्टिलाइजर में अभिलेखों का रखरखाव ठीक नहीं मिला। अधिक मूल्य पर उर्वरक बेचने की शिकायत के साथ अन्य अनियमितताएं भी सामने आईं। टीम ने दो उर्वरकों के नमूने लेकर फर्म का उर्वरक बिक्री अगले आदेश तक निलंबित कर दिया। इसके बाद उन्होंने तमकुहीराज क्षेत्र के वी-पैक्स राज मथौली का भी निरीक्षण किया। यहां केंद्र प्रभारी पप्पू सिंह मौजूद मिले और अभिलेखों व उर्वरकों की बिक्री व्यवस्था सही पाई गई। केंद्र पर 13.300 मीट्रिक टन डीएपी, 1.35 मीट्रिक टन एनपीके और 11.79 मीट्रिक टन यूरिया उपलब्ध मिला। अधिकारियों के छापेमारी की जानकारी मिलते ही बनकटा स्थित मेसर्स रवि खाद भंडार, मेसर्स यश ट्रेडर्स बनकटा बाजार, मेसर्स कुशवाहा खाद भंडार और किसान ट्रेडर्स बनकटा बाजार के दुकानदार दुकान बंद कर भाग गए। इसको गंभीरता से लेते हुए उन्हें कारण बताओ नोटिस जारी किया गया। वहीं सेवरही स्थित आईएफएफडीसी कृषक सेवा केंद्र के प्रोपराइटर जीतेन्द्र वर्मा से बात करने के बाद भी दुकान बंद कर मौके से चले जाने पर को गंभीरता से लेते हुए उनका उर्वरक लाइसेंस अग्रिम आदेश तक निलंबित कर दिया गया।
इस दौरान उप कृषि निदेशक अतींद्र सिंह, जिला कृषि अधिकारी संजीव कुमार सिंह आदि मौजूद रहे।