मांगे पूरी न होने से नाराज एनएचएम संविदाकर्मियों ने धरना दिया
- संगठन के प्रदेश अध्यक्ष एवं प्रदेश महामंत्री के आह्वान पर चल रहा धरना
- कार्य बहिष्कार कर धरने पर बैठे हैं एनएचएम स्वास्थ्यकर्मी
संवाद न्यूज एजेंसी
पडरौना। राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के अंतर्गत कार्यरत संविदा स्वास्थ्यकर्मियों ने बुधवार दूसरे दिन भी सीएमओ कार्यालय परिसर में धरना दिया। संविदाकर्मी राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन संविदा कर्मचारी संघ के प्रदेश अध्यक्ष डॉ. मयंक प्रताप सिंह एवं प्रदेश महामंत्री डॉ. आईएम तव्वाब के आह्वान पर सात सूत्री मांगों को लेकर कार्य बहिष्कार कर धरना दे रहे हैं। इनका कहना था कि जब तक संगठन की मांगें मान ली नहीं जाती, धरना जारी रहेगा।
संगठन का कहना है कि मिशन निदेशक की तरफ से उनकी मांगे न माने जाने के कारण यह कार्य बहिष्कार एवं धरना दे रहे हैं। संयुक्त राज्य कर्मचारी संघ के जिला संरक्षक प्रभुनंद उपाध्याय ने बुधवार को धरने को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि उनका संगठन एनएचएम संविदा स्वास्थ्य कर्मचारियों के समर्थन में है। इनकी मांगें उचित हैं। जब तक सरकार मांगें नहीं मानती, यह बेमियादी धरना चलता रहेगा। संगठन के जिलाध्यक्ष सत्येंद्र पांडेय ने कहा कि लंबित मांगें पूरी न होने पर जिले की आपातकालीन सेवाएं छोड़कर समस्त स्वास्थ्य सेवाएं बंद कर दी जाएंगी और धरना दिया जाएगा। यहां तक कोविड टीकाकरण भी पूर्ण रूप से बंद रहेगा। उन्होंने कहा कि 25 नवंबर से ही यह आंदोलन चरणबद्ध तरीके से चल रहा है।
आरबीएसके के जिलाध्यक्ष डॉ. मधुसूदन मिश्र ने कहा कि जब तक संगठन की मांगें मान ली नहीं जाती, आंदोलन जारी रहेगा।
इस दौरान डॉ. एसपी चंद्रा, डॉ. आयुर्वेद्र सिंह, जिला महामंत्री राजू यादव, जिला उपाध्यक्ष मनोज सिंह, आशुतोष पटेल, डॉ. दिलीप गुप्ता, जिला उपाध्यक्ष डॉ. संजय सिंह, जिला संगठन मंत्री मुहम्मद फारूक, जिला संयोजक डॉ. सुभाष यादव, डॉ. वीरेंद्र शर्मा, जिला मंत्री डॉ. पवन बहादुर सिंह, बीपीएम रामकोला आलोक मिश्र, डॉ. विपिन, डॉ. विनय शाही सहित अन्य लोग मौजूद थे।