पुल के लिए तीन घंटे किया मतदान का बहिष्कार
अधिकारियों के समझाने पर मान गए मतदाता
तमकुहीरोड (कुशीनगर)। बांसी नदी के गोलाघाट पर पुल निर्माण के लिए पिपराघाट और इसके टोलों के मतदाताओं ने बृहस्पतिवार ो सुबह मतदान का बहिष्कार कर दिया। करीब पौने तीन घंटे बाद एडीएम और एएसपी ने 12 मार्च के बाद इसके लिए विशेष प्रयास करने का आश्वासन दिया। इसके बाद मतदान शुरू हो गया।
तमकुहीराज विधानसभा क्षेत्र के बूथों पर सुबह सात बजे से कड़ी सुरक्षा के बीच मतदान शुरू हुआ था। पिपराघाट के बूथ नंबर-320 के 657, बूथ नंबर-321 के 752 और बूथ नंबर- 322 के 1,137 सहित कुल 2,366 मतदाताओं ने मतदान का बहिष्कार कर दिया।
इसकी सूचना जब मतदान अधिकारी ने उच्चाधिकारियों को दी, तो तहसील से लेकर जिले भर के अधिकारियों में हड़कंप मच गया। अधिकारी मतदान स्थल पर पहुंचने लगे। एडीएम देवीदयाल वर्मा, एएसपी रितेश कुमार सिंह, तमकुहीराज के एसडीएम डॉ. सीएल सोनकर, सीओ फूलचंद कन्नौजिया, एसओ सेवरही आशुतोष कुमार सिंह सहित सेक्टर मजिस्ट्रेट व काफी संख्या में पुलिसकर्मी पहुंच गए।
अधिकारियों के आने के बाद गांव के प्रधान रामा निषाद, बीडीसी सदस्य सरल शर्मा, यमुना सिंह, प्रमोद सिंह, सुदामा यादव सहित काफी संख्या में लोग एकत्र हो गए। ग्रामीणों ने उन्हें बताया कि गोलाघाट स्थित बांसी नदी पर वर्ष 2011-12 में पीपा पुल का निर्माण कराया गया था। क्योंकि इस क्षेत्र की करीब दस हजार से अधिक आबादी के लिए यही एक मात्र रास्ता है। इस पुल को हर साल बरसात में चार महीने के लिए खोल दिया जाता है और लोगों को बरसात में छोटी नावों से आना-जाना पड़ता है। इसके लिए ग्रामीण कई बार आंदोलन भी कर चुके हैं। इन लोगों का कहना था कि जब तक सक्षम अधिकारी पुल निर्माण का लिखित आश्वासन नहीं देते, तब तक मतदान का बहिष्कार जारी रखेंगे। एडीएम ने उन्हें लिखित आश्वासन दिया, तब जाकर करीब 9:50 बजे मतदान शुरू हो सका।