पडरौना। किसानों का गन्ना चीनी मिलों को आवंटित कर दिया गया है। किसानों के रजिस्टर्ड मोबाइल पर मैसेज के जरिए तौल पर्ची भेजी जाएगी। इस पर्ची पर ही किसान गन्ना चीनी मिलों को देंगे।
जिला गन्ना अधिकारी दिलीप सैनी ने कहा कि बताया कि जिले में एक लाख हेक्टेयर से अधिक क्षेत्रफल में गन्ना की खेती होती है। जिले के किसानों का गन्ना उनकी सुविधा के अनुसार अलग-अलग चीनी मिलों को आवंटित कर दी गई है। जिले में कुछ गन्ना माफिया भी सक्रिय हो सकते हैं। इनके झांसे में किसान न आएं। वे किसानों को झांसे में लेकर औने-पौने दर पर गन्ना लेने का प्रयास कर सकते हैं। किसान इनके झांसे में न आएं। वे गन्ना आयुक्त की तरफ से आवंटित चीनी मिलों को ही अपने गन्ने की आपूर्ति करें। किसी भी दशा में अपने गन्ने की आपूर्ति अन्य चीनी मिल या बिहार राज्य की चीनी मिलों को गन्ने की आपूर्ति न करें। उन्होंने बताया कि गन्ना किसानों चीनी मिल अथवा गन्ना समितियों की तरफ से उनके पंजीकृत मोबाइल नंबर पर एसएमएस के जरिए वैध गन्ना तौल पर्ची दी जाएगी। उसी तौल पर्ची पर संबंधित चीनी मिल को गन्ना आपूर्ति करें। उन्होंने बताया कि जिले की रामकोला त्रिवेणी चीनी मिल में पेराई शुरू हो गया है। चीनी मिल ढाढ़ा बुजुर्ग (हाटा) की तरफ से 17 नंवबर को को पेराई कार्य शुरू कर दिया जाएगा। इसके लिए गन्ना समितियों की तरफ से प्रेषित इंडेंट के अनुसार चीनी मिल पर्ची भी जारी कर चुकी है। चीनी मिल खड्डा और सेवरही भी अतिशीघ्र पेराई कार्य शुरू कर देगी।