करीब एक घंटे तक मार्ग पर रखा शव, आश्वासन के बाद परिजन मान गए
मंगलवार की शाम अनुबंधित बस की टक्कर से हो गई थी स्टाफ नर्स नेहा मिश्रा की मौत
कसया। पडरौना शहर में तेज रफ्तार अनुबंधित रोडवेज बस की चपेट में आने से जान गंवाने वाली नर्स नेहा मिश्रा (24) के परिजन और ग्रामीणों का गुस्सा बुधवार शाम को फूट पड़ा। पोस्टमार्टम के बाद शव घर पहुंचने पर आक्रोशित लोगों ने बैरिया चौराहे के पास सड़क पर शव रखकर पडरौना मार्ग करीब एक घंटे तक जाम कर दिया। परिजन परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी और आर्थिक मदद की मांग कर रहे थे।
गौरतलब है कि मंगलवार की शाम पडरौना शहर में एक अनियंत्रित अनुबंधित रोडवेज बस ने कई वाहनों और राहगीरों को टक्कर मार दी थी। हादसे में कसया क्षेत्र के संत गणिनाथ नगर निवासी नेहा मिश्रा की मौत हो गई थी। नेहा पडरौना शहर के एक निजी अस्पताल में स्टाफ नर्स के पद पर कार्यरत थी और पूरे परिवार की जिम्मेदारी संभाल रही थी।
बुधवार शाम पोस्टमार्टम के बाद जब शव पहुंचते ही परिजन और ग्रामीण बैरिया चौराहे पर पहुंचे गए और शव सड़क पर ही रखकर जाम कर दिया। सड़क जाम होने की सूचना के बाद मौके पर पहुंचे सीओ डॉ. अजय कुमार सिंह, नायब तहसीलदार राहुल खरवार, एसओ इत्यानंद पांडेय ने आक्रोशित परिजनों व ग्रामीणों को उनकी मांगों को नियमानुसार उचित कार्रवाई किए जाने का भरोसा दिया, तब जाकर जाम समाप्त हुआ। इसके बाद परिजन शव को अंतिम संस्कार के लिए लेकर चले गए।
पारिवारिक संकट गहराया
नेहा की असमय मौत होने से उनके परिवार की खुशी छीन गई है। वह घर की इकलौती कमाने वाली सदस्य थी, जिन पर दो बहनों और एक भाई के परवरिश की जिम्मेदारी थी। इस हादसे से परिजनों को रो-रो कर बुरा हाल है। बहन व भाई नेहा की मौत से बदहवास हालत में हैं। रह-रह कर उनके चीत्कार से माहौल गमगीन हो जा रहा है। हर किसी की आंखें नम हो जा रही हैं।