सीबीएसई संचालित विद्यालय अनिश्चितकाल तक बंद
पडरौना (कुशीनगर)। सीबीएसई मैनेजर एसोसिएशन से जुड़े स्कूलों के प्रबंधकों की शनिवार को रविंद्रनगर स्थित जिला मुख्यालय के पास एक शिक्षक के आवास पर बैठक हुई। इसमें सीबीएसई के घोषित परिणाम में कम अंक वाले छात्रों के अभिभावकों में नाराजगी और छात्रों पर पड़ने वाले मानसिक दबाव जैसी समस्याओं पर चर्चा की गई। सीबीएसई से संचालित विद्यालयों की सुरक्षा की मांग करते हुए अनिश्चितकाल तक स्कूल बंद करने का निर्णय लिया गया।
बैठक में वक्ताओं ने कहा कि कोविड-19 की दूसरी लहर के चलते सीबीएसई बोर्ड ने सुप्रीम कोर्ड के अनुमोदन पर आधार वर्ष तथा माडरेशन पालिसी के आधार पर विद्यालयों का परीक्षाफल तैयार किया। इसमें किसी भी विद्यालय प्रशासन का कोई हस्तक्षेप नहीं था। सीबीएसई द्वारा यह भी बताया कि जो छात्र इस परीक्षा परिणाम से असंतुष्ट हों, उनके लिए पुन: परीक्षा की व्यवस्था की गई है। इसके बाद भी कुछ छात्र नेता अराजक तत्वों के साथ मिलकर स्कूल प्रबंधन पर परीक्षा में अंक देने का आरोप लगाते हुए विद्यालय गेट पर नारेबाजी कर रहे हैं।
विद्यालयों में जाकर तोड़फोड़ और कर्मचारियों के साथ अभद्रता कर रहे हैं। इससे स्कूल प्रबंधकों में भय का माहौल है। वक्ताओं ने कहा कि सीबीएसई की तरफ से परीक्षा में मिले अंक से असंतुष्ट विद्यार्थियों के लिए 16 अगस्त से 15 सितंबर के बीच लिखित परीक्षा आयोजित होने वाली है। इन विद्यार्थियों को आंदोलन करने करने की बजाए सीबीएसई की परीक्षा में शामिल होकर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन करना चाहिए। इसके बाद प्रबंधकों ने अनिश्चितकालीन तक विद्यालय बंद रखने का निर्णय लिया। इस दौरान डॉ. अरुण श्रीवास्तव, जेपी सिंह, मुन्ना जायसवाल, अमित शर्मा, शशि, एसपी सिंह, राजीव गुप्ता, डॉ. विनय राय, सीओ जोश, ओमप्रकाश आदि मौजूद थे।