पडरौना। कलक्ट्रेट सभागार में डीएम महेंद्र सिंह तंवर ने शुक्रवार को विकास एवं राजस्व कार्यों की समीक्षा बैठक की। सभी एसडीएम को जनता दर्शन में सुनवाई और निस्तारण जोर दिया। लेखपालों पास भूमि विवाद पंजिका, ग्राम संपत्ति पंजिका,दैनिक कार्यों की डायरी रखने का निर्देश दिया। लेखपाल अपने हल्का क्षेत्र में पैमाईश, कब्जा हटाना, वरासत आदि रिकार्ड रखे। लेखपालों की डायरी का नियमित अवलोकन कानूनगों, नायब तहसीलदार , तहसीलदार और एसडीएम करेंगे।
डीएम ने प्रथम चरण में लंबित मामलों में धारा 24 के चिन्हित मामलों के सापेक्ष तय तिथि तक निस्तारित मामलों के बारे में सभी एसडीएम से जानकारी लिया। तहसील हाटा में 44 प्रकरण के सापेक्ष 30 का निस्तारित 14 बाकी है। पडरौना में 81 प्रकरण के सापेक्ष 55 निस्तारित एवं 26 बाकी है। कसया में 96 प्रकरण के सापेक्ष 55 निस्तारित, 41 बाकी,कप्तानगंज में 38 प्रकरण के सापेक्ष 17 निस्तारण 19 बाकी है। तमकुहीराज में 53 प्रकरण के सापेक्ष 36 निस्तारित 17 बाकी है। इस पर तय समय के अंदर बाकी वादों का निस्तारण करने का निर्देश दिया। उन्होने कहा कि अगर राजस्व टीम की ओर से गाड़े गए पत्थर को कोई उखाड़ता है तो उसके विपक्षी के खिलाफ केस दर्ज होगा। उन्होंने सभी तहसीलदारों को निर्देशित किया कि मुख्यमंत्री विवेकाधीन कोष तथा कृषक दुर्घटना बीमा योजनाओं के लंबित मामलों का शीघ्र निस्तारण करें । वरासत के मामलों पर पैनी दृष्टि रखे। सभी एसडीएम एंटी भू माफिया पोर्टल की नियमित समीक्षा कर यथा आवश्यक कार्रवाई भी करें।
मार्च अप्रैल में जनपद कुशीनगर की रैंकिंग राजस्व एवं विकास कार्यों में सम्मिलित रूप से 23 वीं रही है, इसलिए सभी अधिकारी विशेष ध्यान दें कि किसी शिथिलता या लापरवाही से जनपद की रैंकिंग प्रभावित न हो,जिन विभागों का लक्ष्य मई में निर्धारित है ।