पडरौना। एनएच-28 के रास्ते गोवंश लेकर बिहार जा रहे पशु तस्कर और पुलिस के बीच बुधवार भोर में मुठभेड़ हो गई। दोनों तरफ से हुई फायरिंग में एक तस्कर के पैर में गोली लगी, जबकि दूसरा चकमा देकर भाग निकला।
घायल तस्कर का इलाज फाजिलनगर सीएचसी में पुलिस कस्टडी में चल रहा है। पुलिस ने पिकअप से गोवंश को मुक्त कराया। पुलिस पूछताछ में पशु तस्कर ने गोरखपुर, देवरिया और कुशीनगर हाईवे पर सक्रिय पशु तस्करों के नेटवर्क की कई अहम जानकारी दी हैं।
एसपी संतोष कुमार मिश्रा ने बताया कि कुशीनगर जिले के रास्ते बिहार में होने वाली गोवंश की तस्करी पुलिस की सख्ती के बाद भी कम नहीं हो रहा है। चौराखास पुलिस को सूचना मिली कि पिकअप से गोवंश लेकर तस्कर बिहार जा रहे हैं। चौराखास थानाध्यक्ष विद्याधर कुशवाहा और पटहेरवा थानाध्यक्ष दीपक कुमार एसओजी टीम के साथ सक्रिय हुए और चौराखास क्षेत्र के जौरा बाजार के आगे दूबे पट्टी जाने वाली लिंक रोड के पास घेराबंदी कर वाहनों की चेकिंग शुरू कर दी।
पिकअप आता देख पुलिस ने रोकने का प्रयास किया। खुद को घिरता देख पिकअप सवार तस्कर पुलिस पर फायरिंग कर पिकअप छोड़ भागने लगे। पुलिस ने पीछा कर फायरिंग की तो एक तस्कर के पैर में गोली लग गई और वह जमीन पर गिर गया। पुलिस ने पशु तस्कर की पहचान कसया क्षेत्र के डुमरी टोला सिसवा महंथ निवासी रूस्तम पुत्र हजरत के रूप में की।
तस्कर के कब्जे से छह राशि गोवंश, एक तमंचा, एक मोबाइल, घटना में प्रयुक्त लकड़ी का ठीहा, एक बांका और 1500 रुपये नकद बरामद किया। सूत्रों की मानें तो पुलिस पूछताछ में उसने कई तस्करों का नाम बताने के साथ पशु तस्करी के संचालित होने वाले पूरे नेटवर्क के बारे में जानकारी दी है, जिस पर पुलिस टीम काम कर रही है।
गोरखपुर की राजा की तलाश में पुलिस : जिस पिकअप से रूस्तम गोवंश की तस्करी करता था। उस पर गोरखपुर जिले का नंबर है। पशुओं के तस्करी के खेल में शामिल दस से अधिक लोगों का मोबाइल नंबर पुलिस के हाथ लगे हैं, जिस पर पुलिस काम कर रही है।
गोरखपुर जिले का रहने वाले राजा की तलाश पुलिस सरगर्मी से कर रही है। सूत्रों की मानें तो राजा का नेटवर्क कुशीनगर, महराजगंज, देवरिया के अलावा बिहार में काफी सक्रिय है।
हाईवे से गुजरने वाले गोवंश लदी गाड़ियों को इसकी मदद से ही बाॅर्डर पार कराया जाता है। इसके गिरोह में शामिल तस्करों को बाॅर्डर पार कराने वाले लाइनर भी काम करते हैं।