उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद में दलित समुदाय के चार लोगों की हत्या पर आक्रामक तेवर अपनाते हुए बहुजन समाज पार्टी (बसपा) ने बुधवार को संसद में जमकर हंगामा किया। बसपा ने अखिलेश सरकार पर निशाना साधते हुए केंद्र सरकार से सूबे में राष्ट्रपति शासन लगाने की मांग की।
लोकसभा में दारा सिंह चौहान के नेतृत्व में बसपा सांसदों ने उत्तर प्रदेश सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। वहीं राज्यसभा में ब्रजेश पाठक की अगुवाई में बसपा ने अखिलेश सरकार की आलोचना करते हुए उत्तर प्रदेश में राष्ट्रपति शासन लगाने की मांग की।
लोकसभा और राज्यसभा में बसपा के सदस्य अखिलेश यादव सरकार के खिलाफ नारे लगाते हुए आसन के समीप पहुंच गये। सांसदों ने मुरादाबाद में दलितों की हत्या का मामला उठाकर हंगामा शुरू कर दिया। उन्होंने दलितों पर अत्याचार बंद करो और दलित हत्यारी सरकार मुर्दाबाद आदि के नारे भी लगाए।
क्या है मामला
30 अप्रैल को मुरादाबाद के चार दलित किसान खेतों से गायब हो गए थे। इस संबंध में जब स्थानीय लोगों ने पुलिस से शिकायत की तो प्रशासन ने समय रहते कोई कार्रवाई नहीं की।
गत तीन मई को बसपा के कई सदस्यों ने वहां स्थानीय ग्रामीणों के साथ विरोध प्रदर्शन किया और आरोपी को गिरफ्तार करने और चारों दलित किसानों का पता लगाने की मांग की थी।
बसपा सांसद वीर सिंह के मुताबिक कई अनुरोध के बावजूद पुलिस ने कोई कार्रवाई नहीं की थी। इन चारों के शव बुधवार को तलवार पुर गांव के एक खेत में मिले। जिसके बाद ना सिर्फ स्थानीय लोगों का गुस्सा फूट गया बल्कि इसकी गूंज संसद के दोनो सदनों तक सुनाई दी।