नकाबपोश हिस्ट्रीशीटर खालिद उर्फ अंडा और उसके दर्जनों गुर्गों ने तीरगरान बवाल के दौरान दहशत फैलाई थी। पुलिस-प्रशासन की विवेचना में उसकी पहचान हो गई है। वहीं, आईजी आलोक शर्मा के सामने पथराव करने वाला आरोपी मोमिन उर्फ जीशान है।
दोनों आरोपी शहर छोड़कर फरार हो गए हैं। पुलिस उनकी गिरफ्तारी में लगी है। कोतवाली इलाके के तीरगरान, सर्राफा, बजाजा और कागजी बाजार में ताबड़तोड़ गोलियां बरसाने वाले सभी आरोपियों की पहचान पुलिस ने कर ली है।
मुंह पर रुमाल बांधकर सीधी गोलियां बरसाने वाला गैंग लिसाड़ीगेट थानाक्षेत्र का है, जिसका सरगना हिस्ट्रीशीटर खालिद उर्फ अंडा निवासी ऊंचा सद्दीकनगर है। पुलिस का दावा है कि बवाल की शुरुआत होते ही हिस्ट्रीशीटर अपने दर्जनों गुर्गों को लेकर तीरगरान गुदड़ी बाजार पहुंच गया था।
पुलिस के सामने चलाईं गोलियां
पुलिस के सामने ही चेहरे पर कपड़ा बांधकर उसने सीधी गोलियां चलाईं। उसका दुस्साहस देखकर पुलिस को भी अपनी जान बचाकर छुपना पड़ा। बवाल के दौरान पहुंचे आईजी जोन आलोक शर्मा ने हिस्ट्रीशीटर के गुर्गे मोमिन को पकड़ लिया था।
मोमिन करीब तीन मिनट तक आईजी से भिड़ता रहा। आईजी की पकड़ से छूटकर भी मोमिन ने जमकर पथराव किया था।
पुलिस का दावा है कि वारदात से आधा घंटे पहले खालिद के मोबाइल की लोकेशन लिसाड़ीगेट इलाके में बताई गई थी। तीरगरान से फोन करके खालिद को बुलाया था। उसके मोबाइल पर किसने कॉल की, इसका पता लगाने में पुलिस लगी हुई है। पुलिस की मानें तो खालिद पर 40 से ज्यादा मुकदमे पंजीकृत हैं। लगभग सभी बवाल में खालिद पहुंचकर सीधी गोलियां चलाता है।
मुरादनगर में भी चलाई गोलियां
खालिद उर्फ अंडा और तीन गुर्गों की लोकेशन मुरादनगर में मिली थी। बुधवार को पुलिस की एक टीम मुरादनगर गई, लेकिन वह पहले ही फरार हो गया। पुलिस के मुताबिक मंगलवार को खालिद की मुरादनगर में किसी बात को लेकर रिश्तेदारी में एक युवक से कहासुनी हो गई थी। खालिद ने युवक पर गोलियां चला दी थी। उसके बाद ही वह फरार हुआ।
आईजी के सामने पथराव करने वाले मोमिन और नकाबपोश गोली चलाने वाले हिस्ट्रीशीटर खालिद की तलाश में पुलिस की दबिशें बृहस्पतिवार को तेज हो गईं। पुलिस ने दोनों के पांच रिश्तेदारों को हिरासत में लेकर पूछताछ की। पुलिस का दावा है कि दोनों आरोपी जल्द गिरफ्तार कर लिए जाएंगे। सीओ क्राइम मनीष मिश्रा का कहना है कि दोनों की गिरफ्तारी के लिए दो टीम अलग से लगी हैं।