मंझनपुर (ब्यूरो)। कौशाम्बी में दो दिनों तक हुई बूंदाबांदी के बाद कड़ाके की ठंड शुरू हो गई है। हालांकि दो दिन में सोमवार को दोपहर छिटकी धूप ने लोगों को राहत दी। पर, सूरज ढलते ही ठंड ने फिर अपना पांव पसार लिया। ऐसे में लोगों को जाड़े से बचने में आग ही सहारा बनी रही।
कौशाम्बी में शनिवार को देखते ही देखते अचानक मौसम बिगड़ गया था। इसके बाद दो दिनों तक सूरज नहीं निकला। बूंदाबांदी होती रही। कृषि विज्ञान केंद्र के वैज्ञानिक डॉ. अजय कुमार ने बताया कि 48 घंटे के दौरान कौशाम्बी आठ मिलीमीटर बारिश हुई है। इधर, बारिश के साथ बर्फीली हवाएं भी दो दिनों तक चलती रही। इसके कारण ठंड जानलेवा बनी रही। हालांकि सोमवार को दोपहर हल्की धूप छिटकी। गुनगुनी धूप खिलने से लोगों को दिन में ठंड से राहत रही। पर, जैसे ही सूरज अस्त हुआ। ठंड ने फिर पांव पसार लिया।
इससे शाम होते ही फिर से कड़ाके की ठंड शुरू हो गई। बता दें कि कौशाम्बी में सोमवार को दिन का तापमान जहां 18 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहा। वहीं दिन का तापमान आठ डिग्री सेल्सियस रिकार्ड किया गया है। वहीं सूरज ढलते ही ठंड का प्रकोप बढ़ने से शाम होते ही सड़को पर सन्नाटा पसरने लगा। दूसरी तरफ ठंड बढ़ने के साथ ही जिले में अलाव की व्यवस्था भी सोमवार की शाम इक्का-दुक्का स्थानों पर दिखी। मूरतगंज, भरवारी और मंझनपुर चौराहे पर आग जलाई गई थी। जहां ठंड से खुद को बचाने के लिए लोग तापते नजर आए।