राजू पाल हत्याकांड में शूटर कवि को हो चुकी है सजा
उमेश पाल की हत्या के बाद घर से मिला थे असलहे
परिवार के 11 लोगों के खिलाफ दर्ज हुआ था मुकदमा
संवाद न्यूज एजेंसी
नेवादा। उमेश पाल हत्याकांड के बाद माफिया अतीक के शूटर अब्दुल कवि के घर मिले असलहों के मामले में पांच आरोपियों को गिरफ्तार करने के बाद पुलिस की सारी कवायद ठंडे बस्ते में चली गई है। मुकदमे में वांछित कवि के पिता सहित परिवार की पांच महिलाओं की गिरफ्तारी के लिए गठित पुलिस की तीन टीमें हवा में तीर चलाती रहीं और नामजद पांचों आरोपियों ने अरेस्ट स्टे ले लिया।
24 फरवरी 2023 को प्रयागराज में उमेश पाल हत्याकांड के बाद पुलिस को शक था कि वारदात में शामिल माफिया अतीक के करीबी शूटर सरायअकिल के भखंदा निवासी अब्दुल कवि के यहां पनाह ले सकते हैं। चार मार्च 2023 को पुलिस ने सर्च ऑपरेशन चलाया तो शूटर नहीं मिले, लेकिन उसके घर की दीवारों में छिपाकर भारी संख्या में असलहे बरामद हुए।
पुलिस ने कवि, उसके चार भाई, पिता सहित पांच महिलाओं के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया। इसमें कवि ने तो सीबीआई कोर्ट में सरेंडर कर दिया, जबकि उसके भाई अब्दुल वली, अब्दुल कादिर, अब्दुल हई, अब्दुल मुगनी को पुलिस ने गिरफ्तार कर जेल भेजा। शेष अभियुक्तों की गिरफ्तारी के लिए सरायअकिल, पिपरी व एसओजी की टीम को लगाया गया था।
मुकदमे के विवेचक पिपरी इंस्पेक्टर बृजेश करवरिया ने बताया कि आरोपियों की गिरफ्तारी के प्रयास किए जा रहे थे। इस बीच शूटर के पिता सहित पांच लोगों का अरेस्ट स्टे पहुंचा दिया गया। विवेचना के बाद आगे की कार्रवाई की जा रही है।
यह भी विदित हो कि चंद रोज पहले पूर्व विधायक राजू पाल की हत्या में दोषी पाए गए सात अभियुक्तों में से अब्दुल कवि भी है। इनमें से कवि समेत छह को आजीवन कारावास की सजा सुनाई जा चुकी है।