अपहरण के दूसरे मामले में भी पूर्व एमएलसी सूरजभान करवरिया को जमानत मिल गई है। सुनवाई के दौरान वादी जंग बहादुर व चटकोलिया देवी बयान से मुकर गए हैं। घटना का समर्थन न करने पर पूर्व एमएलसी को कोर्ट से राहत मिली।
वर्ष 2005 में हुए मंझनपुर ब्लाक प्रमुख पद के चुनाव के दौरान पूर्व एमएमलसी सूरजभान करवरिया के खिलाफ अपहरण के दो मामले दर्ज हुए थे। पहला मामला मंझनपुर थाने में दर्ज हुआ था, दूसरा मामला पश्चिम शरीरा थाने में दर्ज हुआ था। पश्चिम शरीरा थाने में बीडीसी जंग बहादुर व चटकोलिया देवी ने डरा-धमका कर अपहरण करने की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। पूर्व एमएमलसी वर्ष 2005 में ब्लाक प्रमुख पद के प्रत्याशी थे और चुनाव जीते थे। पूर्व एमएलसी मौजूदा समय में जवाहर पंडित हत्याकांड में केंद्रीय कारागार नैनी में बंद है। गुरुवार को इस प्रकरण की सुनवाई अपर सत्र न्यायाधीश द्वितीय संजय मलिक की अदालत में हुई। सुनवाई के दौरान वादी जंग बहादुर व चटकोलिया देवी ने घटना का समर्थन नहीं किया। इस पर न्यायालय ने पूर्व एमएलसी को जमानत दे दी। उल्लेखनीय है कि मंझनपुर थाने में दर्ज मामले में पूर्व एमएलसी को पहले ही जमानत मिल चुकी है।