कस्बे के रतगहा गांव में मंगलवार रात अंकुल (18) की हत्या के मामले में उसकी प्रेमिका के आठ घरवाले नामजद कराए गए हैं। इनमें से उसका भाई सूरज व चाचा विजय प्रकाश गिरफ्तार कर लिए गए हैं। पुलिस का दावा है कि बहन के प्रेम विवाह करने से भाई नाराज था। इसी खुन्नस में उसने यह घटना की है। माता-पिता समेत छह अन्य की संलिप्तता के संबंध में जांच जारी है।
रतगहा निवासी अंकुल गुजरात के सूरत में प्लास्टिक कंपनी में काम करता था। उसके पिता राकेश पत्नी के साथ मुंबई में प्राइवेट कंपनी में काम करते हैं। रक्षाबंधन से एक दिन पहले गांव लौटे अंकुल की मंगलवार रात हत्या कर दी गई थी।
दादी रमनी के मुताबिक, देर शाम अंकुल दवा लेने जाते वक्त डॉ. शंकर के घर के पास पहुंचा था। आरोप है कि वहां घात लगा कर बैठे विजय प्रकाश उर्फ खुर्मा उसकी पत्नी सविता, कमला देवी व उसके पति सुमन, बेटे सूरज व विजयप्रकाश के बेटे आकाश, रोहित व मूलचंद्र ने कुल्हाड़ी, लोहे की राॅड और लाठी से पीट-पीटकर उसकी हत्या कर दी। पड़ाेसियों सुशीला देवी, श्यामकली और उमेश के सूचना देने पर घरवाले पहुंचे तो हमलावर भाग निकले।
अकेले पाकर कर दी हत्या : एसपी
पुलिस के मुताबिक, अंकुल ने गांव की ही 16 किशोरी से छह मई को तिल्हापुर गांव के बाहर स्थित मंदिर में शादी कर ली थी। दो साल से दोनों एक-दूसरे के संपर्क में थे। जानकारी पर पहुंचे परिजन अंकुल को धमकाकर किशोरी को घर ले आए थे। इसके बाद अंकुल सूरत चला गया लेकिन वह फोन से किशोरी से बातचीत करता रहा। इस बात से किशोरी का भाई सूरज नाराज था। एसपी राजेश कुमार ने बताया कि इसी खुन्नस में उसने मंगलवार को अकेला पाकर अंकुल की हत्या कर दी। उसे व उसके चाचा विजयप्रकाश को गिरफ्तार कर लिया गया है। अन्य आरोपियों में किशोरी की चाची सविता, उसके माता-पिता कमला व सुमन और आकाश, रोहित व मूलचंद्र उसके चचेरे भाई हैं।
किशोरी प्रेमी के घर पहुंची
घटना के बाद किशोरी अपने प्रेमी के घर पहुंच गई है। रात में ही वह वहां चली आई थी। उसका कहना है कि उसे डर है कि परिजन उसकी भी हत्या कर देंगे। वह घटना के बाद से सदमे में है। मंदिर में शादी के बाद से ही वह मांग में सिंदूर भर रही थी। आरोप लगाया कि चाचा उसे अंकुल से रिश्ता तोड़ने व ऐसा न करने पर अक्सर जान से मारने की धमकी देता था।
परिजनों ने लगाया जाम
उधर घटना से आक्रोशित परिजनों ने सुबह चरवा कोतवाली के मनौरी-भरवारी मार्ग पर जाम लगा दिया। आरोप लगाया कि सैयदसरावां पुलिस आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं कर रही है। सीओ अभिषेक सिंह और डीएम मधुसूदन हुल्गी ने समझाकर उन्हें हटाया। इस दौरान करीब आधा घंटा तक आवागमन बधित रहा। हालांकि एसपी ने जाम लगाए जाने की बात से इन्कार किया। उन्होंने बताया कि आरोपी रात में ही हिरासत में ले लिए गए थे। परिजनाें ने सुबह तहरीर दी जिस पर मुकदमा दर्ज कर गिरफ्तारी की गई।
मुंबई से घर के लिए निकले माता-पिता
बेटे की हत्या की जानकारी पाकर उसकी मां पतिया देवी अपने पति राकेश के साथ घर के लिए निकल गए हैं। छोटे बेटे अंकित के मुताबिक, उनके रात तक घर पहुंचने की संभावना है। उधर, एहतियातन गांव में पुलिस का पहरा लगा दिया गया है।