एडीजे फास्ट ट्रैक कोर्ट प्रथम कीर्ति कुणाल की अदालत ने मंगलवार को दहेज हत्या के आरोप में शराबी पति को आजीवन कारावास की सजा सुनाई। कोर्ट ने आरोपी पर 25 हजार का अर्थदंड भी लगाया है। कोर्ट ने जुर्माने में से 15 हजार रुपये की धनराशि मृतका के पिता को प्रतिकर के रूप में मुहैया कराने का आदेश दिया है।
अभियोजन के अनुसार फतेहपुर जनपद के किशुनपुर थाना क्षेत्र के ब्यौती गांव के झूरी लाल ने अपनी बेटी रेशमा देवी की शादी दो जून वर्ष 2018 को पश्चिमशरीरा के पूरबशरीरा गांव में रहने वाले सूरजबली के साथ की थी।
आरोप है कि शादी के बाद से ही शराब का लती सूरजबली दहेज की मांग को अपनी नवविवाहिता को प्रताड़ित करने लगा था। 18 मई 2019 को नशे में धुत होकर सूरजबली ने पत्नी रेशमा की गला दबाकर हत्या कर दी। अगले दिन मृतका के पिता की तहरीर पर पुलिस ने आरोपी पति के खिलाफ हत्या का केस दर्ज लिया। पुलिस ने जांच के बाद पति के खिलाफ आरोप पत्र न्यायालय में प्रस्तुत किया। मुकदमे की सुनवाई एडीजे फास्ट ट्रैक कोर्ट प्रथम की अदालत में चली।
अपर जिला शासकीय अधिवक्ता क्रिमिनल अनुरुद्घ कुमार ने कोर्ट के समक्ष छह गवाहों को प्रस्तुत किया। दोनों पक्षों की बहस सुनने व पत्रावली में मौजूद साक्ष्यों का अवलोकन करने के बाद मंगलवार को कोर्ट ने फैसला सुनाया। एडीजे कीर्ति कुणाल ने दोषी पति को आजीवन कारावास की सजा सुनाई। साथ ही 25 हजार रुपये का अर्थदंड लगाया। न्यायालय ने इनमें से 15 हजार रुपये मृतका के पिता को प्रतिकर के रूप में देने का आदेश दिया।