मेडिकल कॉलेज के हड्डीरोग विभाग की ओपीडी में मरीज का इलाज करते चिकित्सक। संवाद
बढ़ती सर्दी का असर अब हड्डियों और जोड़ों पर साफ नजर आने लगा है। मेडिकल कॉलेज के हड्डी रोग विभाग की ओपीडी में मरीजों की संख्या तेजी से बढ़ी है। रोजाना 150 से अधिक मरीज इलाज के लिए पहुंच रहे हैं। इनमें ज्यादातर कमर दर्द, गर्दन दर्द, घुटनों में दर्द और जोड़ों में अकड़न की शिकायत लेकर आ रहे हैं।
मेडिकल कॉलेज के मुख्य अस्पताल की ओपीडी में हड्डी रोग विशेषज्ञ डॉ. राहुल भारतीय ने बताया कि ठंड के मौसम में मांसपेशियां और जोड़ सख्त हो जाते हैं जिससे पुराने दर्द की समस्या बढ़ जाती है। खासकर बुजुर्ग, गठिया से पीड़ित मरीजों और लंबे समय तक एक ही मुद्रा में काम करने वालों को ज्यादा दिक्कत होती है।
उन्होंने बताया कि सर्दी में शारीरिक गतिविधि कम होने और धूप कम मिलने से भी हड्डियों की समस्या बढ़ती है। शुक्रवार को ओपीडी में इलाज कराने पहुंचीं सीमा देवी ने बताया कि ठंड बढ़ते ही घुटनों में तेज दर्द होने लगा है जिससे चलने-फिरने में परेशानी हो रही है।
वहीं, राजू ने बताया कि कई दिनों से कमर दर्द से परेशान था। जांच कराने पर डॉक्टर ने दवा के साथ सावधानी बरतने की सलाह दी। इसी तरह भोंदू का कहना है कि सुबह उठते समय शरीर में अकड़न रहती है जिससे काम करने में दिक्कत होती है।
डॉ. राहुल ने मरीजों को सलाह दी कि ठंड में शरीर को ढककर रखें, सुबह-शाम हल्की धूप जरूर लें और नियमित रूप से हल्का व्यायाम करें। साथ ही ठंडे फर्श पर बैठने से बचें और दर्द बढ़ने पर बिना डॉक्टर की सलाह के दवा न लें। उन्होंने कहा कि समय पर जांच और इलाज से हड्डियों की समस्या से राहत मिल सकती है।