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Kasganj News: रामलीला पर दो पक्ष आमने-सामने, तनाव

Sun, 08 Mar 2026 01:49 AM IST
आगरा ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, कासगंज
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फोटो42सुन्नगढ़ी के गांव नागर में हुए विवाद को लेकर लोगों को समझाते पटियाली एसडीएम व सीओ सहावर
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कासगंज। सुन्नगढ़ी थाना क्षेत्र के गांव नागर में शनिवार को रामलीला का शुभांरभ हुआ। इसे लेकर दो समाज के लोग आमने-सामने आ गए। स्थिति तनावपूर्ण बन गई। सूचना पर सुन्नगढ़ी समेत कई थानों का फोर्स मौके पर पहुंच गया। एसडीएम पटियाली, सीओ सहावर ने मौके पर पहुंचकर दोनों समाजों के लोगों को समझाकर मामला शांत कराया। फिलहाल, रामलीला शुरू करा दी गई है। आयोजन स्थल पर पीएसी तैनात कर दी गई है। नागर गांव में एक जमीन को लेकर दो समाज के बीच पहले से विवाद चल रहा है। इसका मामला कोर्ट में विचाराधीन है। इसी जमीन पर शनिवार से रामलीला शुरू होनी थी। इसकी शुक्रवार की रात तैयारियां शुरू हुई। एक समाज के लोगों में आक्रोश पनपने लगा। शनिवार को वह मौके पर एकत्रित हो गए और इसका विरोध शुरू कर दिया। देखते ही देखते दोनों समाज के लोग आमने-सामने आ गए। मौके पर हालात तनावपूर्ण हो गए। किसी ने इसकी सूचना फोन करके पुलिस को दे दी। जानकारी पर कई थानों का फोर्स मौके पर पहुंच गया। पुलिस के पहुंचने के बाद भी ग्रामीण शांत नहीं हुए तो एसडीएम पटियाली प्रदीप कुमार विमल और सीओ सहावर शाहिदा नसरीन मौके पर पहुंच गए। अधिकारियों ने दोनों समाज के लोगों से वार्ता की। इस दौरान एक समाज के लोगों ने जमीन को अपनी बताते हुए रामलीला का कार्यक्रम नहीं होने देने की बात कही। वहीं, दूसरे समाज के लोगों ने बताया कि जमीन का प्रकरण कोर्ट में विचाराधीन है। इस पर परंपरा के तहत अनुमति लेकर ही रामलीला का आयोजन किया जा रहा है। दोनों पक्षों से वार्ता के बाद अधिकारियों ने विरोध कर रहे लोगों को समझाकर मामला शांत करा दिया।
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सीओ सहावर शाहिदा नसरीन ने बताया कि एक समाज के लोग जमीन को अपना बताते हुए रामलीला के आयोजन का विरोध कर रहे थे। उन्हें समझाया गया तो वह मान गए। रामलीला का आयोजन विधिवत चल रहा है। बतौर एहतियात गांव में फोर्स तैनात कर दिया गया है।

जमीन पर पहले आंबेडकर प्रतिमा लगाने को लेकर हुआ था विवाद
गांव नागर में जिस जमीन पर रामलीला के आयोजन को लेकर बखेड़ा हुआ है। उस पर एक साल पहले भी आंबेडकर प्रतिमा लगाने को लेकर विवाद हो चुका है। उस पर एक समाज के लोगों ने प्रतिमा लगानी चाही थी, तब दूसरे समाज के लोगों ने इसका विरोध किया था। तब पुलिस ने प्रतिमा नहीं लगाने दी थी। तब से दोनों समाज के लोगों के बीच तनातनी चल रही है।
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मौके पर पहुंचे भीम आर्मी और आसपा के कार्यकर्ता
दो समाज के लोगों के आमने-सामने आने की सूचना मिलने पर भीम आर्मी और आजाद समाज पार्टी के कार्यकर्ता मौके पर पहुंच गए। आसपा के जिलाध्यक्ष विशाल कुमार ने बताया कि ग्रामीणों ने 14 अप्रैल को जमीन पर आंबेडकर जयंती का कार्यक्रम आयोजित करने की मांग की है। ॉ
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