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फतेहपुर: दिनदहाड़े युवक की गोली मारकर हत्या, नलकूप के पास आम के पेड़ के नीचे सो रहा था, जांच में जुटी पुलिस

Mon, 30 May 2022 12:16 AM IST
शिखा पांडेय न्यूज डेस्क, अमर उजाला, फतेहपुर

सार

फतेहपुर जिले में दिनदहाड़े गोली मारकर युवक की हत्या कर दी गई। इस घटना से क्षेत्र में सनसनी फैल गई। पुलिस मामले की छानबीन में जुटी है।
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भाई से पूछताछ करते एसपी - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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फतेहपुर जिले के हसवा में नलकूप के पास आम के पेड़ के नीचे सो रहे चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी की रविवार दोपहर गोली मारकर हत्या कर दी गई। दिनदहाड़े हुई वारदात की आसपास के लोगों को भनक तक नहीं लगी। सूचना पर एसपी मौके पर पहुंचे। पुलिस ने मोबाइल सर्विलांस पर लगाया है। एक युवक को मौके से पकड़ा है।
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थरियांव थाना क्षेत्र के बेंती गांव निवासी हरिशंकर गुप्ता (34) जहानाबाद के सरस्वती विद्या मंदिर बिरनई में चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी था। उसकी 2019 में नियुक्ति हुई थी। नियुक्ति प्रकरण कोर्ट में विचाराधीन हो गया था। इसके बाद गांव में खेतीबाड़ी का काम देखता था। पिता राजबहादुर ने बताया कि हरिशंकर रात में खेत में पानी लगाने नलकूप पर गया था।

सुबह करीब 10 बजे घर पहुंचा और फिर नलकूप पर चला गया था। दोपहर करीब 12 बजे भतीजा शनि हरिशंकर को खाना देकर आया था। दोपहर करीब ढाई बजे गांव के रामआसरे मौर्य ने बेटे का चारपाई पर खून से लथपथ शव देखकर सूचना दी। वह लोग मौके पर पहुंचे।
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बेटे की कनपटी पर गोली लगी थी। सूचना पर एसपी राजेश सिंह, एएसपी राजेश कुमार, सीओ प्रगति यादव समेत कई थानों की फोर्स पहुंची। पुलिस ने आसपास के लोगों से घटना के बारे में पूछताछ की। घटनास्थल से कोई हथियार भी नहीं मिला। कयास लगाए जा रहे हैं कि हत्यारे हथियार भी साथ ले गए। पुलिस ने हरिशंकर के करीबी एक युवक को पकड़ा है। फोरेंसिक टीम ने मौके पर खून के नमूने लिए हैं। एसपी राजेश कुमार सिंह ने बताया कि हरिशंकर का मोबाइल नंबर सर्विलांस पर लगाकर जांच की जा रही। 
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आशनाई हो सकती है हत्या वजह
दिनदहाड़े गोली मारकर युवक की हत्या कर दी गई, लेकिन किसी को भनक तक नहीं लगी। यह बात पुलिस के गले नहीं उतर रही है। हरिशंकर गांव में ही रहता था। वह बिजली मैकेनिक का भी काम जानता था। पांच भाइयों उमाशंकर, रविशंकर, शिवशंकर और रविकरन में वह चौथे नंबर का था। हरिशंकर के अलावा सारे भाइयों की शादी हो चुकी है। परिजनों के मुताबिक हरिशंकर नियुक्ति बहाल होने के बाद शादी करने की बात कहता था। भाई रविकरन शहर में नर्सिंगहोम चलाता है। बाकी भाई खेतीबाड़ी करते हैं। रविशंकर ने बताया कि घटना से कुछ कदम दूर दो-तीन परिवार झोपड़ी डालकर रहते हैं। उन लोगों को घटना की सच्चाई मालूम है। इसके बाद भी मुंह नहीं खोल रहे हैं। गोली की आवाज तक सुनने से इनकार कर रहे हैं। ग्रामीणों में चर्चा है कि हरिशंकर का तीन साल पहले आशनाई का मामला उजागर हुआ था। हत्या की यही वजह हो सकती है।
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