अवैध संबंधों के चलते एक वृद्ध व्यक्ति ने एक महिला को मौत के घाट उतार दिया। वृद्ध के सिर खून सवार था। वह बड़ी तेजी से आया और महिला के घर में घुसकर तमंचे से उसे गोली मार दी। घटना की जानकारी होने पर ग्रामीणों में हड़कंप मच गया। गनीमत रही कि घटना के बाद आरोपी ने खुद को पुलिस के हवाले कर दिया। सुचना पर पहुची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम हेतु हरदोई भेजा है।
गोली की आवाज सुनकर मोहल्ले में मची अफरातफरी
महिला की मौत पर रोते बिलखते परिजन
मल्लावां कोतवाली क्षेत्र के गांव कोसिया निवासी सुमन चौधरी 55 पत्नी ओमप्रकाश को सुबह करीब साढ़े आठ बजे घर के अंदर आगन में गांव के ही रहने वाले हुकुम सिंह 56 पुत्र रामेश्वर ने तमंचे से दो गोली मारकर हत्या कर दी। गोली की आवाज सुनकर मोहल्ले में अफरातफरी मच गई। आरोपी गोली मारकर घर से भाग निकला और कोतवाली में आत्मसमर्पण कर दिया। हत्या की सूचना मिलते ही कोतवाल भगवान सिंह फ़ोर्स के घटना स्थल पर पहुचे और उच्चाधिकारियो को सुचना दी।
1984 से मृतका पति से अलग होकर रह रही थी
महिला का हत्यारा
घटना के समय पर सुमन चौधरी घर के अंदर पड़े छप्पर के नीचे बैठकर खाना खा रही थी। इसी दौरान आरोपी तमंचा लेकर उसके घर गया। जिसपर दोनों के बीच कहासुनी होने के बाद गुत्थमगुत्थी भी हुई लेकिन आरोपी ने सुमन के सीने में दो गोली मारकर हत्या कर दी और खुद मौके से फरार हो गया। एक ओर मृतका की पुत्री पिता पर हत्या करवाने का आरोप लगा रही है कि उसके पिता ने ही साजिश रचकर मां की हत्या करवाई है। लेकिन आरोपी बीते सात सालो से सुमन देवी के साथ रह रहा था। ग्रामीणों की माने तो हत्या अवैध संबंध के चलते हुई है। फिलहाल पुलिस मामले की जांच पड़ताल कर अरोपी से पूछताछ कर रही है।
1984 से मृतका पति से अलग होकर रह रही थी
मृतका की पुत्री अर्निका ने बताया कि उसके पिता ओमप्रकाश रेलवे विभाग में सैक्सन इंजीनियर है। बताया कि 1984 में उसके पिता ने उसकी मां को छोड़कर दुसरी शादी कर ली तब से वह लखनऊ में ही रह रहे है। मां को छोड़ने के बाद मुकदमा चला था जिसमे प्रतिमाह 2 हजार रूपये भत्ता उनके द्वारा दिया जा रहा है।
पिता पर हत्या का सिजश रचने का आरोप
आरोप लगाया कि इस मुक़दमे में आरोपी हुकुम सिंह पिता ओम प्रकाश की ओर से मुक़दमे की गवाही में लिखे थे बताया कि उसके पिता ने ही हुकुम सिंह से उसकी मां की हत्या करवाई है। आरोपी हुकुम सिंह ने बताया कि पिछले सात वर्षो ने वह अपना घर छोड़कर सुमन चौधरी के घर पर ही रहता था। सुमन के कहने पर ही उसने अपने पुत्र अर्पित के साथ डेढ़ वर्ष पूर्व सुमन की देवर सुशील की पुत्री नीतू के साथ शादी भी की थी। जिसके वजह से उसके बिरादरी के लोगो ने अलग भी कर दिया था इसके बावजूद जब सुमन ने पांच दिन पूर्व अपने घर से हुकुम सिंह को निकाल दिया। इसी रंजिश के चलते उसके सुमन को गोली मारकर हत्या कर दी।
गोली मारते हुए श्रेया ने हुकुम सिह को देखा
मृतका की पुत्री अर्निका ने बताया कि उसकी शादी उन्नाव जिले के गंजमुरादाबाद कसबे के गांव बिराइचमऊ निवासी शिवराज से शादी हुई है। उसके पति दिल्ली में काम करते है। अर्निका ने बताया कि अकेली पुत्री होने की वजह से वह मां के साथ ही रहती थी। सुबह उसकी पुत्री श्रेया 8 ,साक्षी 6 को स्कूल भेजकर खुद पडोसी गांव गोसवा गांव दूध देरी पर दूध देने गई थी । जबकि घर पर उसका 4 वर्ष का पुत्र श्रेष्ठ मौजूद था। इसी बीच हुकुम सिंह ने उसकी मां की हत्या कर दी।