प्रशांत महासागर में बना सुपर टाइफून बावी मानसूनी बारिश पर कुछ प्रभाव डाल सकता है। माना जा रहा है कि इसके असर से तेज बारिश बौछारों में बदल सकती है। यह समुद्री तूफान पांचवीं श्रेणी का है। यह मानसूनी हवाओं को अपनी तरफ खींच लेता है। अल नीनो प्रभाव के साथ ही मंगलवार से यह टाइफून सक्रिय हो गया है। वरिष्ठ मौसम विज्ञानी डॉ. एसएन सुनील पांडेय ने बताया कि बावी मानसूनी हवाओं की निरंतरता को तोड़ सकता है।
डॉ. पांडेय ने बताया कि फिलीपींस में सुपर टाइफून इंदाय के नाम से भी जाना जाता है। मानसून पर इसका प्रतिकूल प्रभाव पड़ने की संभावना है। जब भी पश्चिमी प्रशांत महासागर में कोई बहुत शक्तिशाली तूफान उठता है तो वह बड़े पैमाने पर हवाओं और नमी के पैटर्न को प्रभावित करता है लेकिन देश से दूरी होने के कारण मानसूनी कोर सिस्टम जैसे बंगाल की खाड़ी या अरब सागर पर सीधा प्रभाव नहीं है।
बंगाल की खाड़ी में अधिक ताकतवर निम्न दबाव का क्षेत्र बना तो मानसून की स्थिति बेहतर हो जाएगी। उन्होंने बताया कि टाइफून शक्तिशाली लो प्रेशर सिस्टम है। मौसम विभाग ने बुधवार को तेज बारिश का अनुमान जताया था लेकिन उतनी तेज बारिश नहीं हुई। इससे मौसम विज्ञानियों ने टाइफून के असर का आकलन कर रहे हैं।
शहर में पॉकेट में हुई बारिश
बुधवार को स्थानीय स्तर पर बारिश हुई। कहीं पानी तेज गिरा तो कहीं बौछारें ही पड़ पाईं। सीएसए की मौसम वेधशाला में दोपहर तक 0.2 मिमी बारिश दर्ज की गई। कैंट समेत विभिन्न क्षेत्रों में हल्की बारिश पांच से 10 मिनट तक हुई है।
इससे 24 घंटे में अधिकतम तापमान 1.6 डिग्री और न्यूनतम तापमान 1.4 डिग्री घटा है। मौसम विज्ञान केंद्र की रिपोर्ट के मुताबिक पूरे प्रदेश में 91.8 मिमी बारिश हुई है जबकि सामान्य औसत 152.1 मिमी है।
तापमान
अधिकतम-32 डिग्री सेल्सियस
न्यूनतम-26.8 डिग्री सेल्सियस