बिकरू कांड के आरोपी विकास दुबे और जय वाजपेई गिरोह को संरक्षण देने वाले पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई के संबंध में केंद्रीय कार्मिक मंत्रालय ने सख्त रुख अपनाते हुए 60 दिन में उत्तर प्रदेश के मुख्य सचिव आरके तिवारी से रिपोर्ट तलब की है।
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एसआईटी की जांच रिपोर्ट में दोषी पाए गए आईपीएस, पीपीएस समेत कई दरोगा और पुलिसकर्मियों पर अब तक कार्रवाई न होने व मामले में लीपापोती करने पर अधिवक्ता सौरभ भदौरिया ने शिकायत की थी। इस पर कार्मिक मंत्रालय ने मुख्य सचिव को पत्र भेजकर कार्रवाई न करने के कारणों के संबंध में जवाब मांगा है।