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कानपुर में ब्लैक फंगस से ठीक हुए तीन रोगी, एक की मौत, दूसरे की हालत नाजुक

Sat, 29 May 2021 12:00 AM IST
दुष्यंत शर्मा अमर उजाला नेटवर्क, कानपुर

सार

  • अब तक आठ मरीजों की हो चुकी है मौत, 24 अन्य मरीज भर्ती
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ब्लैक फंगस - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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हैलट में ब्लैक फंगस से ठीक हुए तीन रोगियों को शुक्रवार को छुट्टी दे दी गई। डॉक्टरों ने तीनों की आंखों की रोशनी बचा ली। वहीं एक मरीज ने दम तोड़ दिया। अब तक ब्लैक फंगस से पांच मरीज ठीक होकर घर जा चुके हैं वहीं आठ मरीजों की मौत हो चुकी है। यहां भर्ती एक मरीज की हालत नाजुक बनी हुई है। शुक्रवार को ब्लैक फंगस का एक नया मरीज भर्ती हुआ। ब्लैक फंगस के कुल 24 मरीज हैलट में भर्ती हैं।

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कोरोना का संक्रमण कम हो रहा है, पर ब्लैक फंगस के मरीज बढ़ने लगे हैं। हैलट के कोविड वार्ड में भर्ती ब्लैक फंगस की शिकार 65 वर्षीय वृद्ध की मौत हो गई। नौबस्ता निवासी इस मरीज को गत दिवस कोरोना संक्रमण के कारण हैलट के कोविड वार्ड में भर्ती कराया गया था। डॉक्टरों ने इलाज के दौरान उसमें ब्लैक फंगस जैसे लक्षण देखकर जांच कराई तो पुुष्टि हुई थी। इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई।

कोविड वार्डों में ब्लैक फंगस के 6 मरीज भर्ती हैं। इसी तरह नॉन कोविड ब्लैक फंगस वार्ड (वार्ड नंबर-3) में ब्लैक फंगस के 18 मरीज भर्ती हैं। नॉन कोविड के एक मरीज के ब्रेन में गुरुवार रात ब्लीडिंग हो गई थी। गंभीर हालत में उसे वेंटीलेटर में शिफ्ट किया गया। डॉक्टरों के अनुसार शुक्रवार को उनकी हालत में कुछ सुधार नजर आया है। 
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एक का निकाला साइनस, छह की रोशनी बचाने के लिए आंखों में लगे इंजेक्शन
हैलट के डॉक्टरों की टीम ने नॉन कोविड ब्लैक फंगस वार्ड में भर्ती एक मरीज के साइनस का आपरेशन किया। उसका साइनस निकालकर संक्रमण को आंखों और ब्रेन में पहुंचने से रोकने की कोशिश की। नेत्र रोग विभाग के डॉक्टरों ने नॉन कोविड ब्लैक फंगस वार्ड में भर्ती छह अन्य मरीजों की आंखों की रोशनी बचाने के लिए उनकी आंखों में इंजेक्शन लगाए।

ये मरीज ठीक हुए
ब्लैक फंगस से ठीक हुए कल्याणपुर निवासी नरेंद्र (48), छपेड़ा पुलिया निवासी रमाकांत (50), दबौली निवासी जय नारायण (58) की आंखों का इलाज डॉ. शालिनी मोहन और नाक कान गला का इलाज इस विभाग के विभाग अध्यक्ष डॉ. एसके कनौजिया की गिनरानी में हुआ था। डॉ. शालिनी के अनुसार इन मरीजों की आंखों में फंगस की शुरुआत हो गई थी जिसे इंजेक्शन लगाकर दूर करते हुए रोशनी बचा ली गई। 
  
तीन में ब्लैक फंगस की पुष्टि, तीन निगेटिव
हैलट के नॉन कोविड वार्ड में भर्ती ब्लैक फंगस जैसे लक्षणों वाले छह मरीजों की मेडिकल कालेज से बायोप्सी जांच कराई गई थी। जांच में तीन मरीजों में ब्लैक फंगस की पुष्टि हुई है। तीन अन्य की रिपोर्ट निगेटिव आई।

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