कानपुर देहात। मैथा उपखंड में तैनाती के दौरान तत्कालीन एसडीओ मैथा पर लगाए गए आरोपों की जांच के लिए दो सदस्यीय कमेटी बनाई गई है। यह कमेटी सात दिन में रिपोर्ट मुख्य अभियंता को सौंपेगी।
दिलीप नगर निवासी राघवेंद्र सिंह ने मुख्य अभियंता विद्युत व शासन को भेजी शिकायत में तत्कालीन मैथा एसडीओ विवेक पांडेय पर एक हजार से अधिक बिजली बिलों में मनमानी तरीके से सुधार पर निगम को चपत लगाने और सरकारी फाइलों से महत्वपूर्ण अभिलेख गायब करने का आरोप लगाया है। शिकायत में उसने बताया कि पूर्व में की गई शिकायत की जांच में छह बिल प्रस्तुत किए थे इनकी जांच में सामने आया कि करीब 50 हजार रुपये राजस्व नुकसान किया गया है। ऐसे में एक हजार से अधिक संशोधित किए गए बिलों की विभागीय ऑडिट की जाए।
मामले में मुख्य अभियंता ने एक्सईएन परीक्षण व एक्सईएन झींझक की संयुक्त टीम बनाकर जांच कराने का निर्देश अधीक्षण अभियंता को दिया था। अधीक्षण अभियंता मनीष कुमार गुप्ता ने बताया कि मुख्य अभियंता के निर्देश पर दो सदस्यीय जांच कमेटी बनाई गई है। एक सप्ताह में जांच रिपोर्ट मांगी गई है। मामले में तत्कालीन एसडीओ मैथा व मौजूदा समय में रूरा में तैनात एसडीओ विवेक पांडेय ने बताया कि शिकायतकर्ता पूर्व में एआई से छेड़छाड़ कर उनका वीडियो वायरल कर चुका है। तब रिपोर्ट दर्ज कराने के लिए शिवली थाने में तहरीर दी थी। अब दोबारा से छवि धूमिल करने के लिए इस तरह के बेबुनियाद आरोप लगाए जा रहे हैं। जांच में स्थित साफ हो जाएगी।