फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Kanpur News: सफाईकर्मी काम पर लाैटै पर घरों से कूड़ा उठान शुरू नहीं

विज्ञापन
सर्वोदयनगर में लगा कूड़े का ढेर। - फोटो : संवाद
विज्ञापन
कानपुर। सफाईकर्मियों की हड़ताल खत्म हो गई है लेकिन शहर के करीब 60-65 वार्डों में अभी भी घर-घर से कूड़ा उठान नहीं हो रहा है। जिन वार्डों से कूड़ा उठा रहा है वहां तीन दिन में एक बार गाड़ी जाती है। कुछ इलाकों में तो गाड़ी न जाने से लोग नालियों और सड़कों पर ही कूड़ा फेंक देते हैं।
विज्ञापन

शहर के 110 वार्डों से घर-घर जाकर कूड़ा उठान के लिए दीक्षांत और जेटीएन कंपनियां कार्य कर रही हैं। इन्हें जोनवार बांटा गया है। एक से लेकर छह जोन में इन कंपनियों को गाड़ियां भेजकर कूड़ा उठान कराने के लिए कहा गया है। जोनवार देखें तो किसी में 18 तो कहीं 17 वार्ड आते हैं। इनमें से अधिकतर वार्डों में महीनों से घर-घर कूड़ा उठान नहीं हो रहा है। क्षेत्रीय पार्षद भी इस अव्यवस्था से परेशान हैं क्योंकि जब डोर-टू-डोर कूड़ा उठान नहीं होता तो लोग सड़क पर फेंकते हैं। पहले से ही वार्डों में सफाई कर्मियों की कमी है।
जोन-5 वार्ड-27 नानकारी के पार्षद सुनील कुमार पासवान ने बताया कि एक माह से गाड़ी नहीं आई। लोग सड़क व नालियों में कूड़ा फेंकते हैं। कई बार शिकायत की लेकिन सुनवाई नहीं हो रही। जोन-3 में भी यहीं स्थिति है। वार्ड-77 कर्रही के पार्षद संतोष साहू का कहना है कि तीन दिन में एक बार गाड़ी आती है। लोग घरों में कूड़ा एकत्र कर रखते हैं और गाड़ी आने पर फेंकते हैं। वार्ड-49 के पार्षद विवेक शर्मा के अनुसार कभी-कभी दो-तीन दिन बाद भी गाड़ी नहीं आती है। वार्ड-71 के पार्षद लियाकत अली ने बताया कि सिर्फ एक गाड़ी आती है लेकिन इतने बड़े वार्ड में उससे कूड़ा उठान ठीक से नहीं हो पाता।
विज्ञापन


कई इलाके हैं प्रभावित
जोन-5 में आने वाले वार्ड-93 गोविंदनगर उत्तरी के पार्षद नवीन पंडित ने बताया कि जेटीएन कंपनी के कर्मियों को साढ़े सात हजार रुपये महीना वेतन मिल रहा है। वेतन बढ़ाने की मांग कर वह हड़ताल पर हैं। कंपनी बढ़ाकर साढ़े आठ हजार देने को तैयार है लेकिन कर्मी नहीं मान रहे। मंगलवार को जोन-6 की एक गाड़ी भेजी गई जो इतने बड़े वार्ड के लिए नाकाफी थी।

वर्जन
जोन-5 में बुधवार से गाड़ी जाने लगेगी। घर-घर कूड़ा उठान के लिए टेंडर प्रक्रिया चल रही है। टेंडर खुलने के बाद क्लस्टरवार कंपनी चयनित कर कूड़ा उठान कराया जाएगा। - अमित सिंह, नगर स्वास्थ्य अधिकारी
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें