देश और प्रदेश स्तर पर चलाए जा रहे जागरुकता अभियान के बाद लोग साइबर ठगी का शिकार हो रहे हैं। शहर में रहकर उच्च शिक्षा प्राप्त कर रही एक युवती को साइबर ठगों ने डिजिटल अरेस्ट कर 21 लाख 28 हजार रुपयों की ठगी कर ली। पहले तो युवती ने तहरीर दी, लेकिन बाद में वापस ले ली। फिर भी साइबर सेल मामले की जांच कर रही है।
शहर में पढ़ाई कर रही कोलकाता की रहने वाली युवती के पास बीते अक्टूबर महीने में एक नंबर से फोन आया। फोन करने वाले ने कोर्ट में चल रहे मुकदमा में गिरफ्तारी वारंट जारी होने व बचने के लिए फोन न रखने की बात कही।
साथ ही उसके मोबाइल नंबर पर गिरफ्तारी वारंट भेज दिया। गंभीर मुकदमा बताकर साइबर ठगों ने उसे इस कदर डराया कि वह किसी को काल के बारे में जानकारी भी नहीं दे सकीं। साइबर ठगों ने किसी भी परिचित, रिश्तेदार और दोस्त को बताने से मना किया था।
धमकी दी थी कि जांच चल रही है, आप सहयोग करेंगी तो बच जाएंगी, वरना जेल जाना पड़ेगा। 10 दिनों में साइबर ठगों ने युवती से 21 लाख 28 हजार रुपये अलग-अलग बैंक खातों में ट्रांसफर करवा लिए। साइबर ठग जब और रुपये मांगने लगे तो उन्होंने साइबर सेल को सूचना दी लेकिन फिर वापस ले ली। साइबर सेल ने उन्हें काफी समझाने की कोशिश भी की, लेकिन वह नहीं मानी।