सेना के वाहन से पैतृक गांव पहुंचा पार्थिव शरीर
शहीद के चाचा सुशील यादव ने बताया कि थाना महाराजपुर से मिली जानकारी के अनुसार विनीत का पार्थिव शरीर शनिवार अपराह्न 2:30 बजे लखनऊ एयरपोर्ट पहुंचेगा। इसके बाद सेना के वाहन से पार्थिव शरीर पैतृक गांव बौसर लाकर परिवार की इच्छा के अनुसार सम्मान के साथ अंतिम संस्कार किया जाएगा।
शहीद की पत्नी बेसुध, डेढ़ वर्षीय मासूम भी रोता रहा
बौसर निवासी शहीद विनीत यादव का विवाह वर्ष 2010 में फतेहपुर चौडगरा के गांव गहबराखेङा निवासी कल्पना यादव के साथ हुआ था। कल्पना को पति के शहीद होने की खबर शुक्रवार को दी गई। आनन फानन कल्पना परिजनों के साथ ससुराल बौसर पहुंची। इस दौरान कई बार बेसुध हो गश खाकर जमीन में गिरी।
शहीद विनीत का दूसरा भाई भी सेना में जवान
शहीद विनीत यादव का दूसरा भाई सचिन यादव भी सेना में है। सचिन की तैनाती जयपुर में है। परिजनों ने सचिन को बड़े भाई के शहीद होने की खबर गुरुवार शाम को ही दे दी। शुक्रवार शाम सचिन भी गांव पहुंच गए। विनीत ने वर्ष 2007-08 में लखनऊ के बूचड़ी ग्राउंड की भर्ती के दौरान लिखित और शारीरिक दक्षता पास कर सेना की नौकरी हासिल की थी।
शहीद के घर सांत्वना देने वालों की दिनभर जुटी रही भीड़
बौसर निवासी सेना के जवान विनीत यादव के शहादत की सूचना मिलते ही शुक्रवार दिनभर घर के आसपास सांत्वना देने के लिए महिलाओं और ग्रामीणों का तांता लगा रहा। आसपास गांवों के लोग भी सूचना मिलते ही शहीद के घर पहुंचते रहे।