तीन केसों में दो आरोपियों का हाथ
दंगों के दौरान दबौली इलाके में तीन अलग-अलग वारदात हुई थीं, जिसमें कुल पांच सिखों की हत्या की गई थी, जिसमें गोविंद नगर थाने में तीन केस (482/84, 333/84, 613/84) दर्ज किए गए थे। इसमें भगवान सिंह, अमरजीत उर्फ सतपाल व तेज सिंह, जगजीत सिंह व हरचरण सिंह को मारा गया था। इन तीनों केसों में पूर्व पार्षद कैलाश पाल व कमल शामिल थे। दोनों आरोपी जेल भेजे जा चुके हैं। इन सभी में भी चार्जशीट दाखिल कर दी गई है।
पांच केसों में चार्जशीट दाखिल कर दी गई है। एक आरोपी फरार है, उसकी तलाश की जा रही है। जल्द से जल्द सभी की गिरफ्तारी कर उनके खिलाफ भी चार्जशीट लगाकर कार्रवाई पूरी की जाएगी। -बालेंदु भूषण सिंह, डीआईजी एसआईटी
बयान में आए थे तीन नाम, नहीं हो पा रहा सत्यापन
दबौली में एक ही परिवार के सात लोगों की हत्या के मामले में एक गवाह ने अपने बयान में तीन नाम बताए थे। दावा किया था कि वारदात के दौरान उन्होंने सुरेंद्र, मुकेश व राजेश का नाम सुना था। जांच में यह नाम शामिल हो गए थे लेकिन एसआईटी की अब तक की जांच में इन नामों का सत्यापन नहीं हो सका है। डीआईजी का कहना है विवेचना अभी भी जारी है। अगर इन तीनों के संबंध में कोई जानकारी मिलती है और उसकी पुष्टि हो जाती है, तो वह उन पर कार्रवाई करेंगे।
अग्रिम जमानत पर सुनवाई शुक्रवार को
दंगो का मुख्य आरोपी पूर्व मंत्री का भतीजा राघवेंद्र कुशवाहा है। उसने अग्रिम जमानत के लिए अर्जी लगाई थी। बुधवार को उस पर सुनवाई हुई और कोर्ट ने सुनवाई आगे बढ़ाते हुए शुक्रवार का दिन नियत किया है।