राहुत को बोध नहीं है...कब, क्या और किसे बोलना है
किंकर्तव्यविमूढ़ हो चुके हैं। क्या करना चाहिए। कहां बोलना चाहिए। कब बोलना चाहिए। क्या नहीं बोलना चाहिए। इस बात का बोध नहीं है। किसी के बारे में कुछ कहना ठीक नहीं है। राहुल गांधी देश के बाहर रहते ही हैं। भगा क्या देंगे। वह अपने आप ही भाग जाएंगे। कोई क्यों भगाएगा।
देश के विरोध का परिणाम भुगतना पड़ेगा
व्यक्ति जो कर्म करेगा उस कर्म का परिणाम भोगना पड़ेगा। जो विदेश की बात करेगा। विदेश में रहेगा। देश का विरोध करेगा, तो अपने आप परिणाम भोगना पड़ेगा। वहीं अतीक अहमद से जुड़े सवाल पर सांसद ने कहा कि कानून को अपना काम करने का अधिकार है। गुंडों का इलाज पुलिस की गोली है।
गुंडों के लिए पुलिस का डंडा है...जेल है
पुलिस का डंडा है, जेल है। उन्होंने कहा गुंडों की जात मजहब नहीं देखना चाहिए। गुंडा केवल गुंडा होता है। वहीं एक अन्य सवाल के जवाब में सांसद ने कहा कि जांच एजेंसियां अपना काम कर रही हैं। जांच में यदि केजरीवाल दोषी पाए जाएंगे, तो उनके खिलाफ भी कार्रवाई होगी।