कानपुर देहात के गजनेर थाना क्षेत्र के लोहारी गांव में स्थित मंदिर के पुजारी की हत्या अवैध संबंधों के चलते हुई थी। पुलिस ने मामले में तीन सगे भाइयों समेत चार के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की है। वहीं मुख्य आरोपी पुलिस हिरासत में है। उसने परिवार की एक महिला से अवैध संबंध होने पर हत्या करने की बात स्वीकार की है।
मनेथू गांव स्थित बरगदी देवी मंदिर में शनिवार को लोहारी गांव के ब्रह्मदेव मंदिर के पुजारी रामचंद्र उर्फ बड़े बाबा (50) की चाकू से गला रेतकर हत्या कर दी गई थी। वह नियमित रुप से मनेथू गांव के बरगदी मंदिर जाता था। चर्चा है कि वह तंत्रमंत्र भी करता था।
घटना के बाद मनेथू गांव के कल्लू उर्फ अरुण ने थाने जाकर पुजारी की हत्या करने की जानकारी पुलिस को दी थी। आरोपी पुलिस की हिरासत में है। पुलिस की पूछताछ में उसने बताया कि परिवार की एक महिला से पुजारी के अवैध संबंध थे। कई बार समझाने के बाद भी वह महिला से दूरी नहीं रख रहा था।
वह बातों में परिवार की महिला से अवैध संबंध की चर्चा कर उसे ताने देता था। इससे खफा होकर उसने शनिवार को चाकू से कई वार करके पुजारी को मौत के घाट उतार दिया था। घटना के बाद लोहारी गांव के लोगों ने वारदात में कई और लोगों के शामिल होने की बात पुलिस से कही।
पुजारी के भतीजे लोहारी गांव निवासी अजय ने मनेथू गांव के कल्लू उर्फ अरूण, उसके दो भाई प्रमोद उर्फ पोला, ब्रजेश उर्फ नन्हीं व रुपपुर गांव के कल्लू समेत चार पर हत्या की रिपोर्ट दर्ज कराई है। तहरीर में कहा है कि पुजारी का बैग भी गायब है। उसमें दो मोबाइल व पुजारी का चिमटा था।
पोस्टमार्टम के बाद पुजारी का शव लोहारी गांव पहुंचा। वहां गांव स्थित ब्रह्मदेव मंदिर परिसर में पुजारी के शव को समाधि दी गई। कार्यवाहक थानाध्यक्ष ज्ञान प्रकाश पांडेय ने बताया कि हत्यारोपी ने अवैध संबंधों के चलते हत्या की बात स्वीकारी है। पुजारी के मोबाइल बरामद करने के प्रयास किए जा रहे हैं।
पुजारी पर चाकू से किए गए 13 वार
कानपुर देहात। हत्यारोपी ने लोहारी गांव के पुजारी के गले, चेहरे, पेट व गर्दन पर चाकू से करीब 13 वार किए। अधिक रक्त बहने से उसकी मौत होने की बात पोस्टमार्टम में सामने आई है। अरुण ने चाकू से रामचंद्र के गले में छह, गर्दन में तीन, पेट में तीन तथा पीठ पर एक बार वार किया। इतने घाव करने के बाद उसे पास में भरे पानी में खींचकर डाल दिया था।