फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

इंस्पेक्टर काे है पब्लिक टाॅयलेट से प्यार, जबरन खाेल ली चाैकी, पढ़िए पूरी खबर

Sat, 27 Aug 2016 02:18 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो कानपुर
विज्ञापन
पब्लिक टाॅयलेट पर लगा पुलिस चाैकी का बाेर्ड
विज्ञापन

विज्ञापन
इसे कहते हैं चाेरी ऊपर से सीनाजाेरी। डीएम ने रामादेवी स्थित पब्लिक टाॅयलेट के निर्माण कार्य काे पूरा कराने के लिए निर्देश दिया  था। ठेकेदार पहुंचे ताे चकेरी पुलिस ने भगा दिया। इस बाबत बात करने चकेरी थाने पहुंचे नगर निगम के मुख्य अभियंता सहित अन्य अफसरों को भी इंस्पेक्टर ने खरी-खोटी सुनाकर बैरंग लौटा दिया। कहा, शौचालय नहीं बनने दूंगा, भले ही मेरा ट्रांसफर करा दो। बता दें कि इंस्पेक्टर साहब ने पब्लिक टाॅयलेट में ही पुलिस चाैकी खाेल लिया है। मामला मंत्रालय भी पहुंच चुका। अधिकारियाें काे जबाव नहीं आ रहा, लेकिन इंस्पेक्टर साहब हैं कि मानते ही नहीं।   

ये है मामला

पब्लिक टाॅयलेट के बाहर लगा दूसरा बाेर्ड
दरअसल नगर निगम की तरफ से चकेरी थाने के बगल में सामुदायिक शौचालय का निर्माण चल रहा था। पुलिस काे यह शाैचालय इतना पसंद अा गया कि उन्हाेंने काम ही रुकवा दिया। फिर देखते ही देखते पब्लिक टाॅयलेट की जगह पुलिस चौकी का बोर्ड टांग दिया। यह मामला तीन दिन पहले डीएम की बैठक में पहुंचा। नगर निगम अफसरों के अनुसार एसएसपी की मौजूदगी में डीएम ने शौचालय का निर्माण पूरा कराने के निर्देश दिए। शुक्रवार को ठेकेदार मजदूरों सहित वहां निर्माण कराने पहुंचा तो पुलिस ने उसे बंद करने की धमकी देकर भगा दिया। नगर निगम के मुख्य अभियंता मनीष कुमार सिंह, जोन-2 के प्रभारी मुनीश निगम, अधिशासी अभियंता एसके सिंह, स्वच्छ भारत मिशन के प्रभारी अभियंता आरके सिंह, अधिशासी अभियंता एसआर गुप्ता इस संबंध में बात करने चकेरी थाने गए तो इंस्पेक्टर किशोर कुमार सिंह ङड़क गए। इसके बाद पुलिस ने शौचालय में रामादेवी पुलिस चौकी का एक और बोर्ड लगाने के साथ ही मेज रखकर कब्जा कर लिया।
 
विज्ञापन

मुख्य अभियंता पर भी भड़के

डेमाे प‌िक्स

 शुक्रवार काे  टाॅयलेट का निर्माण कार्य कराने पहुंचे नगर निगम के मुख्य अभियंता मनीष कुमार सिंह पर भी  इंस्पेक्टर साहब भड़क गए। मनीष कहते हैं कि बातचीत के दौरान इंस्पेक्टर भड़क गए। पहले तो बोले कि शौचालय की दीवार तोड़कर थाने से साढ़े तीन फीट दूर बनाया जाए और इस तरफ खिड़की न हो। ऐसा करने से स्लैब गिरने की बात पर इंस्पेक्टर कहने लगे कि वे शुलभ शौचालय में एक भी ईंट नहीं लगने देंगे, भले ही उनका ट्रांसफर करा दो।

 
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें