बेसिक शिक्षा विभाग के प्राइमरी शिक्षकों का अब ग्रामीण और नगर काडर खत्म कर दिया जाएगा। अभी तक ग्रामीण और नगरीय क्षेत्र के आधार पर शिक्षकों को नियुक्ति दी जाती थी। शिक्षकों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए प्रदेश सरकार ने यह फैसला लिया है। ये बातें बेसिक शिक्षा मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) डॉ. सतीश चंद्र द्विवेदी ने कहीं।
बीएनएसडी शिक्षा निकेतन में अखिल भारतीय राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ के गुरुवंदन कार्यक्रम में आए शिक्षा मंत्री ने कहा कि काडर होने से ग्रामीण क्षेत्रों के शिक्षकों का ट्रांसफर नगर में और नगरीय क्षेत्र के शिक्षकों का ट्रांसफर ग्रामीण इलाकों में नहीं होता था। नियुक्तियां भी नगर और ग्रामीण क्षेत्र के आधार पर विभाजित थीं। उन्होंने बताया कि नगरीय क्षेत्र में शिक्षकों की काफी कमी है, जबकि ग्रामीण क्षेत्र में शिक्षक सर प्लस हैं। इस वजह से अब इसे खत्म किया जा रहा। अब ग्रामीण क्षेत्रों के स्कूलों में तैनात शिक्षकों का तबादला भी नगरीय स्कूलों में हो सकेगा।
शुरू होगा सिफारिशों का दौर
ग्रामीण और नगर काडर खत्म होने से सिफारिशों का दौर तेजी पकड़ेगा। जिसकी जितनी पहुंच होगी, उसको उतनी आसानी से नगर क्षेत्र में नियुक्ति मिलेगी। काडर खत्म होने का फैसला भले ही शिक्षकों की भलाई के लिए किया गया हो लेकिन लंबे समय से ग्रामीण इलाकों में डटे शिक्षक अब तेजी से नगर की ओर रुख करेंगे। विभागीय अधिकारियों का कहना है कि ट्रांसफर वरिष्ठता सूची के आधार पर होंगे लेकिन विभाग में सिफारिशों का खेल भी किसी से छुपा नहीं है। जितनी जल्दी जुगाड़, उतनी जल्दी ट्रांसफर।