कानपुर में बंद शोरूम से 100 किलो सोना, 500 किलो चांदी के साथ करोड़ों के हीरे और बेशकीमती नग चोरी
Wed, 24 Oct 2018 07:56 AM IST
यूपी डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
सार
- बिरहाना रोड स्थित लाला जुगल किशोर ज्वैलर्स के बंद शोरूम से पार हुआ माल
- शोरूम के पार्टनर ने अपने ही चाचा और कर्मचारियों पर लगाया चोरी का आरोप
- पारिवारिक विवाद में वर्ष-2013 में बंद हो गया था शोरूम, मामला कोर्ट में लंबित
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पारिवारिक विवाद में वर्ष-2013 में बंद हो गया था शोरूम, मामला कोर्ट में लंबित
कानपुर के बिरहाना रोड स्थित लाला जुगल किशोर ज्वैलर्स के बंद शोरूम से करोड़ों रुपये की कीमत के गहने और नग चोरी हो गए। शोरूम के पार्टनर ने अपने चाचा और कर्मचारियों पर चोरी का आरोप लगाया है। एसएसपी अनंत देव के आदेश पर फीलखाना पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर ली है। थाना प्रभारी के मुताबिक जांच की जा रही है। तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
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पारिवारिक विवाद में वर्ष-2013 में बंद हो गया था शोरूम, मामला कोर्ट में लंबित
कानपुर स्वरूपनगर निवासी रुचिर रस्तोगी के बाबा दिवंगत लाला जुगल किशोर सराफा कारोबारी थे। उन्होंने बिरहाना रोड पर अपने नाम से ज्वैलरी शोरूम खोला था। उनके तीन बेटे राज किशोर, पंकज और अंबुज हैं। लाला जुगल किशोर के निधन के बाद उनके तीनों बेटे कारोबार संभालते थे। राजकिशोर के बेटे रुचिर के मुताबिक वह और उनके चाचा शोरूम के पार्टनर हैं। वर्ष-2013 में पारिवारिक विवाद के चलते शोरूम बंद हो गया था।
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पारिवारिक विवाद में वर्ष-2013 में बंद हो गया था शोरूम, मामला कोर्ट में लंबित
उस वक्त शोरूम में 100 किलोग्राम सोना, 500 किलोग्राम चांदी के अलावा करोड़ों रुपये की कीमत के हीरे और बेशकीमती नगों की 10 हजार रैक थीं। रुचिर के मुताबिक, पारिवारिक संपत्ति का विवाद जिला जज और हाईकोर्ट में विचाराधीन है।
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पारिवारिक विवाद में वर्ष-2013 में बंद हो गया था शोरूम, मामला कोर्ट में लंबित
जिला जज ने आदेश दिया था कि दोनों पार्टनर की सहमति पर ही शोरूम खोला जाएगा। इस वजह से शोरूम पांच साल से बंद है। इस बीच रुचिर ने गोविंद नगर में आर लाला जुगल किशोर नाम से शोरूम खोल लिया।
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पारिवारिक विवाद में वर्ष-2013 में बंद हो गया था शोरूम, मामला कोर्ट में लंबित
उनके चाचा पंकज ने बिरहाना रोड पर ही श्री जुगल किशोर नाम से शोरूम खोल लिया। दूसरे चाचा अंबुज परिवार के साथ लखनऊ शिफ्ट हो गए। रुचिर का आरोप है कि 17 अक्तूबर को उन्हें बंद शोरूम में चोरी का पता चला। आसपास के कुछ लोगों ने उन्हें बताया कि तीन-चार दिन पहले शोरूम खोलकर जेवरात निकाले गए हैं। वह शोरूम पहुंचे, तो देखा कि शटर के ताले बदलकर नए लगा दिए गए हैं।
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पारिवारिक विवाद में वर्ष-2013 में बंद हो गया था शोरूम, मामला कोर्ट में लंबित
इस पर उन्होंने चाचा पंकज, अंबुज और कर्मचारी मोहित व केतन पर शोरूम में चोरी करने का संदेह जताते हुए फीलखाना थाने में तहरीर दी। साथ ही एसएसपी को भी घटनाक्रम की जानकारी दी, तब उनकी रिपोर्ट दर्ज हुई। थाना प्रभारी के मुताबिक मामले की जांच की जा रही है। प्रारंभिक जांच में पुलिस को पता चला है कि आरोपी कर्मचारी मोहित बंद पड़े शोरूम के ऊपर बने मकान में रहता है।