कानपुर। कानपुर इनकम टैक्स बार एसोसिएशन की ओर से बुधवार को सिविल लाइंस स्थित सभागार में आयकर अधिनियम 1961 और 2025 के तहत पेनाल्टी प्रावधानों पर गोष्ठी का आयोजन किया गया। वक्ताओं ने कहा कि नए आयकर अधिनियम में टैक्स ऑडिट रिपोर्ट, ट्रांसफर प्राइसिंग रिपोर्ट और निर्दिष्ट वित्तीय लेनदेन रिपोर्ट दाखिल करने में देर होने पर अब पेनाल्टी के स्थान पर अनिवार्य शुल्क लगाया जाएगा।
मुख्य वक्ता सीए राजीव मेहरोत्रा ने कहा कि नया आयकर अधिनियम 2025 एक अप्रैल 2026 से पुराने आयकर अधिनियम 1961 का स्थान लेगा। दंड संबंधी प्रावधानों में भी परिवर्तन प्रभावी होंगे। सीए गोविंद कृष्णा ने बताया एक अन्य महत्वपूर्ण परिवर्तन एक अप्रैल 2027 से प्रभावी होगा। इसके तहत प्रत्येक निर्धारण या पुनः निर्धारण आदेश के साथ ही दंड आदेश पारित करना अनिवार्य किया गया है। पूर्व में दंड प्रथम अपील के पश्चात लगाया जाता था। इस मौके पर प्रदीप कुमार द्विवेदी, शरद सिंघल, आशीष जौहरी, मनीष श्रीवास्तव, राजीव गुप्ता, प्रशांत रस्तोगी, दीप कुमार मिश्र, सुनील त्रिवेदी, विश्राम सिंह यादव आदि मौजूद रहे।