केंद्र सरकार ने सैडलरी और हार्नेस को जीआई टैग भी दिया है। मुख्तारुल अमीन ने व्यापार के अवसरों का पता लगाने के लिए विस्तृत चर्चा और आगे की कार्ययोजना तैयार करने के लिए उज्बेकिस्तान में एक भारतीय प्रतिनिधिमंडल की यात्रा का सुझाव दिया।
उज्बेक प्रतिनिधिमंडल ने कहा कि भारतीय कंपनियां उज्बेकिस्तान में चमड़े की इकाइयां लगाती हैं तो पूरे रूस और दि कॉमनवेल्थ ऑफ इंडिपेंडेंट स्टेट (सीआईएस) क्षेत्रों के लिए भी चमड़े के जूते और जूते के ऊपरी हिस्से की मांग पूरा करना आसान होगा। कंपनियों को सीआईएस और रूस में छूट भी मिलेगी।
इससे चीन के मुकाबले भारत को लाभ होगा। प्रतिनिधिमंडल ने प्रेजेंटेशन के जरिये उज्बेकिस्तान सरकार की ओर से विदेशी निवेशकों को सीमा शुल्क और कर छूट, निर्यात से संबंधित व्यापार ऋण को बढ़ावा देने, नमूने भेजने में सब्सिडी समेत कई व्यापार प्रोत्साहन उपायों की जानकारी दी। बैठक में सीएलआरआई चेन्नई के मुख्य वैज्ञानिक डॉ. सरवनन, अशरफ रिजवान, ताज आलम, पल्लवी दुबे आदि भी मौजूद रहे।