कानपुर। शहर में अवैध तरीके से हुए किडनी ट्रांसप्लांट के फरार आरोपी पुलिस को लगातार चकमा दे रहे हैं। शनिवार को दो आरोपियों के बागपत के एक फ्लैट में छिपे होने की जानकारी मिली थी। पुलिस ने दबिश दी लेकिन उससे पहले ही आरोपी फरार हो गए। टीम वापस लौट आई है। एक बार फिर नए सिरे से टीम दिल्ली एनसीआर के लिए भेजी जाएगी।
केशवपुरम के आहूजा हॉस्पिटल और मसवानपुर के मेडिलाइफ हॉस्पिटल में अवैध तरीके से किडनी ट्रांसप्लांट हुए थे। पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर डॉ. सुरजीत सिंह आहूजा, डॉ. प्रीति आहूजा, शिवम अग्रवाल, राजेश कुमार, राम प्रकाश कुशवाहा, नरेंद्र सिंह, कुलदीप सिंह राघव, राजेश तोमर, रोहित तिवारी, परवेज सैफी को गिरफ्तार किया, जबकि मुदस्सर अली सिद्दीकी ने कोर्ट में सरेंडर किया था। इस मामले में डॉ. अफजल, डॉ. वैभव, डॉ. अमित, शिवम यादव, नवीन पांडेय और एक अन्य की तलाश है। आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पिछले कई दिनों से अलग अलग टीमें दिल्ली, मेरठ, गाजियाबाद, नोएडा और आसपास के शहरों में दबिश दे रही हैं। पुलिस आराेपियों के खिलाफ लुकआउट नोटिस जारी कर चुकी है, जिससे वह विदेश में न जा सकें। उसकी तलाश एनसीआर क्षेत्र में ही हो रही है। पुलिस सूत्रों के मुताबिक बागपत के एक फ्लैट में दो आरोपियों के छिपे हुए होने की सूचना पर टीम दबिश देने गई थी। पुलिस गेट से एंट्री ले रही थी, उससे पहले ही आरोपी भाग निकले। उनकी काफी तलाश कराई गई, लेकिन उनका कुछ पता नहीं चल सका। टीम लौट आई है। डीसीपी पश्चिम एसएम कासिम आबिदी ने बताया कि किडनी ट्रांसप्लांट मामले में आरोपियों की तलाश में एक बार फिर टीम बाहर जाएगी। उनके संबंध में और जानकारी जुटाई जा रही है। दिल्ली, गाजियाबाद, नोएडा, मेरठ पुलिस से संपर्क किया गया है।