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Kanpur: निलंबित चल रहे दरोगा ने खाया जहर, हालत गंभीर, दो महीने पहले हुई थी कार्रवाई

Thu, 10 Nov 2022 11:22 PM IST
शिखा पांडेय न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
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सांकेतिक तस्वीर - फोटो : सोशल मीडिया
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कानपुर में बिधनू थाने से निलंबित चल रहे दरोगा अनूप सिंह ने गुरुवार शाम आउटर की पुलिस लाइन में जहर खा लिया। हालत बिगड़ने पर साथी पुलिसकर्मियों ने उन्हें सर्वोदयनगर में स्थित निजी अस्पताल के आईसीयू में भर्ती कराया है, जहां हालत गंभीर बनी हुई है। जहर खाने की वजह अभी तक सामने नहीं आई है।

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पुलिस ने मामले की तफ्तीश शुरू की है। मूलरूप से उरई के एट निवासी अनूप सिंह 2015 बैच के दरोगा हैं। अनूप की तैनाती बिधनू थाने में थी। 13 सितंबर को दो किशोरों को उठा ले जाकर उनसे मारपीट करने का आरोप लगा था। दूसरे ही दिन अनूप समेत तीन पुलिसकर्मी निलंबित कर दिए गए थे।

तब से वह निलंबित चल रहे थे। विभागीय कार्रवाई भी चल रही थी। अनूप केशवपुरम कल्याणपुर में किराये के मकान में रहते हैं। गुरुवार शाम को वह ट्रैफिक लाइन स्थित आउटर की पुलिस लाइन पहुंचे थे। तभी उन्होंने जहर खा लिया। साथी पुलिसकर्मी पहले उनको लेकर कांशीराम अस्पताल पहुंचे, वहां से हैलट रेफर किया गया।

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हैलट में कुछ देर तक भर्ती रखा और फिर सर्वोदयनगर स्थित निजी अस्पताल में भर्ती करवा दिया। दरोगा की हालत नाजुक है। परिवार में पत्नी पूनम और तीन साल का बेटा आयंश, पिता शत्रुघन सिंह व भाई दीपक हैं। सभी उरई में रहते हैं।

क्या कार्रवाई से तनाव में थे अनूप
अनूप सिंह दो महीने से निलंबित थे। ऐसे में अचानक से खुदकुशी का प्रयास करने के पीछे यह भी आशंका है कि कहीं इसी वजह से तो वह तनाव में तो नहीं थे। या फिर कोई और वजह थी। फिलहाल पुलिस के पास इस संबंध में कोई जानकारी नहीं है। पुलिस ने उनके पास से जहर की पुड़िया बरामद की है।
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रास्ते में गाड़ी की हुई थी टक्कर
अनूप को अपनी निजी कार में लेकर उसका साथी हैलट लेकर जा रहा था। चुन्नीगंज के पास एक गाड़ी उनकी कार से टकरा गई, जिससे विवाद शुरू हो गया। यह देख कर्नलगंज थाने की पुलिस मौके पर पहुंची। जब पता चला कि कार में दरोगा है, जिसने जहर खाया है। बाद में मामला सुलझ गया। इस दौरान एसीपी कर्नलगंज अमरनाथ यादव ने अनूप से पूछने का प्रयास किया तो अनूप ने कहा कि मुझे परेशान न करो। मुझको अभी कुछ नहीं कहना है। चूंकि उनकी हालत ज्यादा खराब दी थी, इसलिए किसी ने पूछताछ के लिए जोर नहीं दिया। अब बातचीत के हालत में नहीं हैं। पुलिस अफसरों ने उनके परिजनों को जानकारी दे दी है।  

पहली प्राथमिकता दरोगा का इलाज कराना है। वह आईसीयू में हैं। अभी तक घटना के पीछे की वजह पता नहीं चली है। जांच की जा रही है।- तेज स्वरूप सिंह, एसपी आउटर

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