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UP: खाकी की बारी आने पर सुस्त हो जाती है पुलिस, अब दरोगा फरार…व्यापारी के अपहरण और फिरौती मांगने में है आरोपी

Fri, 11 Jul 2025 12:17 PM IST
हिमांशु अवस्थी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर

सार

Kanpur News: डीसीपी वेस्ट ने बताया कि रिपोर्ट दर्ज होने के बाद कई टीमें लगाकर आरोपी दरोगा की गिरफ्तारी के प्रयास किए जा रहे हैं। गाड़ी नंबर के आधार पर रिपोर्ट दर्ज हुई है। 
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आरोपी दरोगा प्रवास शर्मा - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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मध्य प्रदेश की क्राइम ब्रांच का सदस्य बन किराना दुकानदार का अपहरण कर तीन लाख की रंगदारी वसूलने का आरोपी किदवईनगर चौकी इंचार्ज प्रवास शर्मा फरार हो गया है। निलंबित होने के बाद बुधवार देर रात से उसका मोबाइल स्विच ऑफ है। उसके फरार होने के बाद पुलिस की कार्यशैली पर सवाल खड़े हो रहे हैं। यह इकलौता मामला नहीं है। इससे पहले भी कई बार पुलिस दागी खाकी की मददगार साबित हुई है।

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दरअसल, सचेंडी के सिद्धपुर सीढ़ी निवासी किराना दुकानदार रामबहादुर ने गाड़ी नंबर के आधार पर अपहरण कर तीन लाख की फिरौती वसूलने की शिकायत की थी। मामले में किसी दरोगा का जिक्र आय तो जांच एसीपी पनकी शिखर को मिली। पीड़ित ने किदवईनगर चौकी भी ले जाने की बात कही। वहां पहुंचने पर पीड़ित ने चौकी इंचार्ज प्रवास शर्मा को पहचान लिया। अपहरण के लिए इस्तेमाल कार भी दरोगा की निकली।

लचर कार्यशैली पर उठ रहे हैं सवाल
आला अधिकारियों ने दरोगा को निलंबित कर दिया, लेकिन तुरंत हिरासत में लेने के बजाय तहरीर मिलने व रिपोर्ट दर्ज होने का इंतजार किया। फिर बुधवार शाम एफआईआर दर्ज हुई तो सचेंडी पुलिस ने दरोगा के नामजद न होने का बहाना बनाया। जांच अधिकारी जब तक जांच में उसका नाम शामिल करते, दरोगा पुलिस की पकड़ से दूर हो गया। पुलिस की इस लचर कार्यशैली पर अब सवाल उठ रहे हैं।

किदवई नगर थाना - फोटो : amar ujala
चौकी में काफी देर तक बैठा रहा दरोगा
जिस समय रिपोर्ट दर्ज हुई, सचेंडी पुलिस चाहती तो किदवईनगर पुलिस को सूचना देकर आरोपी दरोगा को पकड़ सकती थी। हालांकि सचेंडी पुलिस ने ऐसा नहीं किया। यही वजह रही कि रिपोर्ट दर्ज होने के बाद रात करीब दस बजे तक दरोगा चौकी पर मौजूद रहा। इसके बाद वह किदवईनगर थाने गया और वहां से कहीं चला गया। वहीं, किदवईनगर पुलिस ने भी हाईप्रोफाइल मामले की जानकारी होने के बावजूद दरोगा को हिरासत में लेना मुनासिब नहीं समझा।

एसीपी मोहसिन खान - फोटो : amar ujala
केस: 1 एसीपी मोहसिन खान
आईआईटी की पीएचडी छात्रा ने 12 दिसंबर 2024 को एसीपी कलक्टरगंज मोहिसिन खान पर यौन शोषण करने का आरोप लगाया था। एसीपी ने 16 दिसंबर को हाईकोर्ट में याचिका दाखिल कर गिरफ्तारी पर रोक लगाने की मांग की थी। इसके बाद 19 दिसंबर को कोर्ट ने गिरफ्तारी पर रोक का आदेश दिया था।

पूर्व एसओ रेलबाजार विजय दर्शन शर्मा - फोटो : amar ujala
केस: 2 दरोगा विजय दर्शन
बर्रा में 30 सितंबर को शिक्षिका के घर से 25 लाख का सोना व पांच लाख की नकदी चोरी के मामले में पकड़े गए चोरों ने रेलबाजार एसओ विजय दर्शन पर माल हड़पने का आरोप लगाया था। रिपोर्ट दर्ज होने के बाद पुलिस उसे पकड़ पाती इससे पहले वह भूमिगत हो गया और बाद में कोर्ट से गिरफ्तारी पर रोक का आदेश लेकर आ गया।
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दिनेश त्रिपाठी, डीसीपी वेस्ट - फोटो : amar ujala
रिपोर्ट दर्ज होने के बाद कई टीमें लगाकर आरोपी दरोगा की गिरफ्तारी के प्रयास किए जा रहे हैं। गाड़ी नंबर के आधार पर रिपोर्ट दर्ज हुई है।  -दिनेश त्रिपाठी, डीसीपी वेस्ट
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