नजूल की जमीन कब्जाने के आरोपी अवनीश दीक्षित के किदवईनगर एच ब्लॉक स्थित घर को मंगलवार शाम पुलिस ने जब्त कर लिया। मजिस्ट्रेट की मौजूदगी में पुलिसकर्मी ढोल बजवाते हुए आरोपी के घर पहुंचे और परिजनों को कार्रवाई की जानकारी दी। परिजनों को बाहर निकालने के बाद पुलिसकर्मियों ने घर को सील कर दिया। पूरी कार्रवाई 95 मिनट तक चली। जब्त मकान की अनुमानित कीमत 2.41 करोड़ रुपये है।
संजय वन पुलिस चौकी के बाहर पुलिस कर्मियों का जमावड़ा दोपहर साढ़े तीन बजे से लगना शुरू हो गया था। पौने पांच बजे पहुंचे मजिस्ट्रेट (एसीपी कोतवाली) अभिषेेक के नेतृत्व में पुलिस कर्मी ढोल बजवाते हुए अवनीश के घर पहुंचे। पुलिस को आता देख लोगों की भीड़ लग गई। आस-पड़ोस की छत से लोगों ने वीडियो बनाना शुरू किया, तो पुलिस कर्मियों ने डांटकर उन्हें रोक दिया। इंस्पेक्टर किदवईनगर और इंस्पेक्टर कोतवाली जगदीश पांडेय ने डोर बेल बजाई तो दरवाजा अवनीश की पत्नी प्रतिमा ने खोला। उसके साथ दो बच्चियां और एक बुजुर्ग महिला भी बाहर आईं तो पुलिस ने उन्हें घर खाली करने के लिए कहा और मुनादी शुरू करवा दी।
जब्त किया गया अवनीश दीक्षित का घर
- फोटो : अमर उजाला
ये तमाशा मत कराइए हम खाली करने को तैयार हैं..
मजिस्ट्रेट ने उन्हें घर खाली करने को कहा तो प्रतिमा ने ढोल वालों की ओर इशारा कर मजिस्ट्रेट से कहा कि आप ये तमाशा मत कराइए, हम घर खाली करने को तैयार हैं। इस पर मजिस्ट्रेट ने समझाया कि ये कार्रवाई का हिस्सा है, हमें इसका पालन करना पड़ेगा। इसके बाद ढोल बजना शुरू हुए तो कार्रवाई पूरी होने के बाद ही बंद हुए।
जब्त किया गया अवनीश दीक्षित का घर
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मछलियां और कछुए अंदर हैं उनका क्या होगा....
पुलिस कर्मियों ने मेनगेट पर नोटिस चस्पा किया तो परिजन अंदर चले गए। कुछ देर बाद एक बच्ची बाहर आई और इंस्पेक्टर कोतवाली से पूछा कि घर के अंदर मछलियां और कछुए हैं, उनका क्या होगा। पीछे से अवनीश की पत्नी भी आ गईं और कहा कि मछली हटाने के लिए एक युवक को बुलाया था, वह आ नहीं पाया। इस पर पुलिसकर्मियों ने कहा कि मछलियों को किसी बाल्टी में निकाल लिजिए, एक बार सील हो गया तो फिर कोई अंदर नही जा पाएगा। परिजनों ने छह कछुओं और मछलियों को एक्वेरियम से निकालकर बाल्टी में रख लिया। शाम 6:21 बजे कार्रवाई पूरी होने के बाद पुलिस ने सीलबंद मुहर लगाकर मकान को सील कर दिया। इसके बाद परिजन कार में बैठकर कहीं चले गए।