बिकरू कांड के मुख्य आरोपी रहे विकास दुबे के करीबी स्वरूप नगर निवासी अरुण अरोड़ा उर्फ राजू डी व नक्सलियों को कारतूस सप्लाई करने के आरोपी शुक्ला गन हाउस के मैनेजर राजीव शुक्ला समेत पांच के असलहा लाइसेंस निरस्त किए गए हैं। जिला मजिस्ट्रेट कोर्ट ने पक्ष-विपक्ष को सुनने के बाद आदेश जारी किए हैं।
बिकरू कांड के बाद अरोड़ा का विकास दुबे के साथ का एक फोटो वायरल हुआ था। इसके बाद पुलिस ने अरोड़ा की कुंडली खंगाली तो उसके खिलाफ जुए के दो मामले काकादेव व स्वरूप नगर में दर्ज मिले। इसके अलावा स्वरूप नगर में एक और मुकदमा दर्ज है। इसी आधार पर पुलिस ने उसके रिवॉल्वर का लाइसेंस निरस्त करने की सिफारिश कर दी।
इसके अलावा जमीन विवाद में चर्चा में आए बादशाहीनाका निवासी तनवीर अहमद के पिस्टल लाइसेंस, लखनऊ में आर्म्स एक्ट से संबंधित एक मुकदमे की एसटीएफ की जांच में नाम सामने आने के बाद मूलगंज निवासी राजीव शुक्ला का रिवॉल्वर लाइसेंस निरस्त कर दिया। सचेंडी थाना क्षेत्र के कला का पुरवा निवासी राम शरण सिंह की सिंगल बैरल बंदूक व चौबेपुर के खरगपुर निवासी दौलत सिंह के राइफल लाइसेंस को भी लाइसेंस निरस्त किया गया।