कानपुर में रविवार सुबह शुक्लागंज में गंगा नदी का जलस्तर खतरे के निशान को पार कर तीन सेंटीमीटर ऊपर बहने लगा है। केंद्रीय जल आयोग के अनुसार, सुबह आठ बजे जलस्तर 113.030 मीटर तक पहुंच गया। जलस्तर में और बढ़ोतरी होने का अनुमान है, जिससे तटीय इलाकों में रहने वाले लोगों की मुश्किलें बढ़ गई हैं।
करीब 30 मोहल्ले में बाढ़ का पानी घुस गया है। साथ ही, बिजली निगम द्वारा सुरक्षा की दृष्टि से 600 घरों की बिजली काट दी गई है। इसमें गोताखोर, कर्बला हुसैन नगर, मोहम्मद नगर, अहमदनगर समेत अन्य कई मोहल्ले शामिल है। इसके अलावा हरिहरपुर, फतेह खेड़ा, पीपर खेड़ा, रविदास नगर, इंदिरा नगर, मनोहर नगर समेत अन्य कहीं मोहल्ले में गंगा पानी घुस चुका है।
20 से अधिक मोहल्लों में भरा पानी
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चोरी के डर से नहीं छोड़ रहे हैं घर
क्षेत्र में रहने वाले लोगों की लाइफ लाइन नावों के सहारे चल रही है लेखपाल अशोक सैनी ने बताया कि 30 नाव राहत कार्य के लिए लगाई गई है। लोगों के लिए तीन आश्रय स्थल भी बनाए गए हैं। हालांकि लोग अभी अपने घर छोड़ने को तैयार नहीं है। स्थानीय लोगों का कहना है की चोरी के डर की वजह से वह अपना घर नहीं छोड़ रहे हैं।
जलभराव से जीवन अस्त व्यस्त
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अभी जलस्तर में और बढ़ोतरी होगी
केंद्रीय जल आयोग के अनुसार रविवार सुबह आठ बजे गंगा का जलस्तर 113.030 मीटर पर पहुंच गया है । अनुमान लगाया जा रहा है कि अभी जलस्तर में और बढ़ोतरी होगी। नगर के आनंद घाट, नमामि घाट, बालू घाट समेत सभी घाटों पर पानी घुस चुका है, जिससे श्रद्धालुओं गंगा स्नान करने में भी दिक्कत आ रही है। वहीं, जीवन अस्त व्यस्त हो गया है।